MCQ
निर्यात संवर्धन मिशन MCQ - उत्तर सहित अभ्यास प्रश्न
RAS/RPSC तैयारी के लिए निर्यात संवर्धन मिशन के 5 प्रश्न हल करें।
अभ्यास प्रश्न
प्र.1सूची 1 को सूची 2 से मिलाइए और नीचे दिए कूट से सही उत्तर चुनिए। सूची 1 (हस्तक्षेप)ः 1. व्यापार नियमन, मान्यता एवं अनुपालन सक्षमता (ट्रेस) 2. माल ढुलाई एवं परिवहन हस्तक्षेप (लिफ्ट) 3. विदेशी भंडारण एवं पूर्ति सुविधा (फ्लो) 4. बाजार पहुंच सहायता (एमएएस) सूची 2 (मुख्य सहायता)ः क. अनुपालन और प्रमाणन ख. भाड़ा और परिवहन ग. विदेशी भंडारण और पूर्ति घ. बाजार-पहुंच आयोजन
ट्रेस अंतरराष्ट्रीय जांच, निरीक्षण और प्रमाणन अनुपालन में सहायता देता है; लिफ्ट पात्र भाड़ा और परिवहन लागत घटाता है; फ्लो विदेशी भंडारण और पूर्ति ढांचे में मदद करता है; और एमएएस खरीदार-विक्रेता बैठक, व्यापार मेले तथा प्रतिनिधिमंडल को सहायता देता है। इसलिए सही मिलान 1-क, 2-ख, 3-ग और 4-घ है तथा चौथा विकल्प सही है।
प्र.2निर्यात संवर्धन मिशन के बारे में निम्न कथनों पर विचार कीजिए: 1. वित्त वर्ष 2025-26 से 2030-31 के लिए इसका कुल परिव्यय ₹25,060 करोड़ है। 2. निर्यातकों के लिए अलग ₹20,000 करोड़ की ऋण गारंटी योजना इसी परिव्यय में शामिल है। इनमें से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
कथन 1 सही है: मिशन के लिए वित्त वर्ष 2025-26 से 2030-31 तक ₹25,060 करोड़ का परिव्यय मंजूर हुआ है। कथन 2 गलत है: ₹20,000 करोड़ की निर्यातक ऋण गारंटी योजना मिशन के साथ मंजूर हुई और उसकी पूरक है, लेकिन वह ₹25,060 करोड़ के परिव्यय का हिस्सा नहीं है। इसलिए केवल कथन 1 सही है।
प्र.3निर्यात संवर्धन मिशन की क्रियान्वयन एजेंसी कौन-सी संस्था है?
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के तहत विदेश व्यापार महानिदेशालय को इस मिशन की क्रियान्वयन एजेंसी बनाया गया है। वही मौजूदा व्यापार प्रणालियों से जुड़े डिजिटल मंच पर आवेदन से लेकर भुगतान तक की प्रक्रिया चलाता है; इसलिए पहला विकल्प सही है।
प्र.4निर्यात संवर्धन मिशन की दो जुड़ी हुई उप-योजनाओं का सही वर्णन किस विकल्प में है?
निर्यात प्रोत्साहन वित्तीय हिस्सा है, जिसमें ब्याज सहायता, निर्यात फैक्टरिंग और गिरवी-सहायता जैसे साधन आते हैं। निर्यात दिशा गैर-वित्तीय हिस्सा है, जिसमें अनुपालन, ढुलाई, विदेशी भंडारण, व्यापार जानकारी और बाजार पहुंच आते हैं। इसलिए केवल दूसरा विकल्प भूमिकाओं का सही बंटवारा बताता है।
प्र.5निर्यात ऋण की गिरवी-सहायता में सूक्ष्म व लघु उद्यमों और मध्यम उद्यमों को क्रमशः कितना गारंटी कवर मिलता है?
गिरवी-सहायता में सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए 85% तथा मध्यम उद्यमों के लिए 65% ऋण-गारंटी कवर तय है। पात्र ऋण की अधिकतम सीमा ₹10 करोड़ प्रति निर्यातक है, लेकिन उससे ये दोनों कवर दरें नहीं बदलतीं। इसलिए सही क्रम 85% और 65% है तथा तीसरा विकल्प सही है।
आपने 5 में से 5 नमूना प्रश्न देख लिए हैं
निर्यात संवर्धन मिशन पर अनलिमिटेड अभ्यास RAS टेस्ट सीरीज़ + प्रैक्टिस पैक या गेट पास में मिलता है।
