MCQ
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना MCQ - उत्तर सहित अभ्यास प्रश्न
RAS/RPSC तैयारी के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के 5 प्रश्न हल करें।
अभ्यास प्रश्न
प्र.1प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के बारे में निम्न में से कौन-सा कथन गलत है?
विकल्प D गलत है। देहली उपज न तो किसी एक वर्ष की सबसे अधिक उपज होती है और न ही इसे क्षतिपूर्ति स्तर के बिना निकाला जाता है। यह पिछले 7 वर्षों में सर्वश्रेष्ठ 5 वर्षों की औसत उपज को 70%, 80% या 90% के अधिसूचित क्षतिपूर्ति स्तर से गुणा करके बनती है। वास्तविक उपज इससे कम होने पर उपज की कमी का दावा बनता है।
प्र.2प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के बारे में इन कथनों पर विचार कीजिए: 1. खरीफ खाद्यान्न और तिलहन फसलों में किसान प्रीमियम की अधिकतम सीमा 2% है। 2. रबी खाद्यान्न और तिलहन फसलों में किसान प्रीमियम की अधिकतम सीमा 1.5% है। 3. वार्षिक वाणिज्यिक या वार्षिक बागवानी फसलों में किसान प्रीमियम की अधिकतम सीमा 5% है। 4. खरीफ 2020 से यह ऋणी किसानों सहित सभी किसानों के लिए वैकल्पिक है। कौन-सा विकल्प सही है?
चारों कथन सही हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में किसान का हिस्सा खरीफ खाद्यान्न और तिलहन के लिए अधिकतम 2%, रबी खाद्यान्न और तिलहन के लिए 1.5%, तथा वार्षिक वाणिज्यिक या बागवानी फसलों के लिए 5% है। खरीफ 2020 के सुधार ने ऋणी किसानों सहित हर किसान वर्ग के लिए भागीदारी को वैकल्पिक भी कर दिया।
प्र.3प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में रबी खाद्यान्न और तिलहन फसलों के लिए किसान को बीमित राशि का अधिकतम कितना हिस्सा प्रीमियम के रूप में देना होता है?
रबी खाद्यान्न और तिलहन फसलों में किसान का प्रीमियम बीमित राशि के अधिकतम 1.5% तक सीमित है। इसके मुकाबले खरीफ खाद्यान्न और तिलहन में सीमा 2% तथा वार्षिक वाणिज्यिक या बागवानी फसलों में 5% है; बाकी बीमांकिक प्रीमियम सरकारी सब्सिडी से भरा जाता है।
प्र.4खरीफ 2020 से प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में भागीदारी के नियम को कौन-सा विकल्प सही बताता है?
खरीफ 2020 से प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना ऋणी किसानों सहित सभी किसानों के लिए पूरी तरह वैकल्पिक है। ऋणी किसान अधिसूचित अंतिम तिथि से कम से कम 7 दिन पहले वित्त देने वाले बैंक को लिखित सूचना देकर बाहर रह सकता है; ऋणी किसानों पर लागू पुरानी अनिवार्यता अब भागीदारी का नियम नहीं है।
प्र.5प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के जोखिम कवरेज के बारे में इन कथनों पर विचार कीजिए: 1. खेत में काटकर सुखाने के लिए फैलाकर रखी फसल को तय जोखिमों के विरुद्ध कटाई के बाद अधिकतम 14 दिन तक सुरक्षा मिल सकती है। 2. ओलावृष्टि, भूस्खलन, जलभराव, बादल फटना और बिजली से लगी प्राकृतिक आग जैसी स्थानीय आपदाओं का आकलन केवल क्षेत्र-आधारित तरीके से होता है, खेत-स्तर पर कभी नहीं। कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
कथन 1 सही है: खेत में काटकर सुखाने के लिए फैलाकर रखी फसल को तय जोखिमों से कटाई के बाद अधिकतम 14 दिन तक सुरक्षा मिलती है। कथन 2 गलत है, क्योंकि ओलावृष्टि, भूस्खलन, जलभराव, बादल फटना और बिजली से लगी प्राकृतिक आग का आकलन अलग-अलग खेत के स्तर पर होता है, केवल क्षेत्र-आधारित तरीके से नहीं।
आपने 5 में से 5 नमूना प्रश्न देख लिए हैं
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना पर अनलिमिटेड अभ्यास RAS टेस्ट सीरीज़ + प्रैक्टिस पैक या गेट पास में मिलता है।
