Q1. CH3CH2OH --(क्षारीय KMnO4 + ऊष्मा)→ CH3COOH. उपर्युक्त अभिक्रिया में क्षारीय KMnO4 __________ के रूप में कार्य करता है।
Explanation
इस अभिक्रिया में एथेनॉल से एथेनोइक अम्ल बन रहा है। यह ऑक्सीकरण है, क्योंकि कार्बनिक यौगिक में ऑक्सीजन की मात्रा बढ़ती है और कार्बन अधिक ऑक्सीकृत अवस्था में पहुंचता है। क्षारीय KMnO4 यहां ऑक्सीकरण कराने वाला पदार्थ है, इसलिए यह ऑक्सीकारक की तरह काम करता है। अपचायक किसी दूसरे पदार्थ का अपचयन कराता, जो यहां नहीं हो रहा। उत्प्रेरक केवल गति बढ़ाता है और रेडॉक्स परिवर्तन में मुख्य अभिकर्मक नहीं बनता। निर्जलीकरण कारक पानी हटाता है, जबकि यहां अल्कोहल अम्ल में बदल रहा है।
