Q1. निकेल उत्प्रेरक की उपस्थिति में हाइड्रोजन से उपचार करने पर तेल वसा में बदल जाते हैं। यह _________ का उदाहरण है।
Explanation
वनस्पति तेलों में असंतृप्त कार्बन-कार्बन द्विबंध होते हैं। निकेल उत्प्रेरक की उपस्थिति में हाइड्रोजन इन द्विबंधों पर जुड़ती है और तेल अधिक संतृप्त होकर ठोस वसा जैसे बन जाते हैं। इसलिए यह योगात्मक अभिक्रिया है। प्रतिस्थापन अभिक्रिया में किसी परमाणु या समूह की जगह दूसरा परमाणु या समूह आता है, ऐसा यहां नहीं है। विस्थापन में एक तत्व दूसरे को हटाता है। ऑक्सीकरण में सामान्यतः ऑक्सीजन जुड़ती है या हाइड्रोजन हटती है, जबकि यहां हाइड्रोजन जुड़ रही है।
