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upsc-p1-science-tech-blockchain-quantum MCQ - उत्तर सहित अभ्यास प्रश्न

RAS/RPSC तैयारी के लिए upsc-p1-science-tech-blockchain-quantum के 13 प्रश्न हल करें।

अभ्यास प्रश्न

प्र.1ब्लॉकचेन की बनावट के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. प्रत्येक ब्लॉक में पिछले ब्लॉक का क्रिप्टोग्राफ़िक हैश हो सकता है, जिससे पुराने अभिलेख में छेड़छाड़ पकड़ में आ सकती है। 2. ब्लॉकचेन में दर्ज जानकारी को बदलना कठिन होने की विशेषता यह गारंटी देती है कि बाहर से आई मूल सूचना सही थी और एकतरफा बदलाव हर स्थिति में असंभव है। 3. पहचाने हुए भागीदारों वाली अनुमति-आधारित चेन, खुली प्रूफ-ऑफ-वर्क व्यवस्था की तुलना में हल्के सहमति-नियम अपना सकती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

A केवल 1 और 2
B केवल 1 और 3
C केवल 2 और 3
D 1, 2 और 3
व्याख्या

कथन 1 और 3 सही हैं। हैश से जुड़े ब्लॉक बदलाव को पकड़ने में मदद करते हैं और पहचाने हुए भागीदार हल्के सहमति-नियम अपना सकते हैं। कथन 2 छेड़छाड़ पकड़ने की क्षमता को सत्य की गारंटी मान लेता है; गलत बाहरी डेटा, चोरी हुई कुंजी, कोड की गलती या शासन पर हमला फिर भी नतीजे बिगाड़ सकते हैं। इसलिए कथन 2 को सही मानने वाले सभी विकल्प गलत हैं।

प्र.2नीचे दी गई घटनाएं बताती हैं कि हैश से जुड़े ब्लॉक किसी पुराने अभिलेख में छेड़छाड़ को कैसे पकड़ने योग्य बनाते हैं: क. छेड़छाड़ पकड़ में आने लगती है। ख. लेनदेन को ब्लॉकों में रखा जाता है। ग. पुराने अभिलेख में बदलाव से हैश की श्रृंखला बदलती है। घ. हर ब्लॉक पिछले ब्लॉक का क्रिप्टोग्राफिक हैश साथ रखता है। घटनाओं को सही कारण-क्रम में लगाइए। नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए।

A ख-ग-घ-क
B घ-ख-क-ग
C ख-घ-ग-क
D ग-ख-घ-क
व्याख्या

विकल्प C सही कारण-क्रम देता है। पहले लेनदेन ब्लॉकों में रखे जाते हैं और हर ब्लॉक पिछले ब्लॉक के हैश से उससे जुड़ता है। पुराने अभिलेख में बदलाव करने पर हैश की श्रृंखला बदलती है और तब छेड़छाड़ पकड़ में आती है। बाकी विकल्प हैश से जुड़ी बनावट बनने से पहले ही बदलाव या उसकी पहचान रख देते हैं।

प्र.3ब्लॉकचेन और डिजिटल परिसंपत्तियों से जुड़े भारत के नीति-ढांचे के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. विश्वास्य को 2024 में भरोसेमंद ब्लॉकचेन ऐप्लिकेशन के लिए राष्ट्रीय तकनीकी ढांचे के रूप में शुरू किया गया। 2. आभासी डिजिटल परिसंपत्ति सेवा प्रदाताओं को मार्च 2023 में धन शोधन निवारण ढांचे में लाया गया। 3. खुदरा डिजिटल रुपया परीक्षण 1 दिसंबर 2022 को शुरू हुआ और डिजिटल रुपया विकेंद्रीकृत निजी क्रिप्टो-टोकन नहीं, बल्कि केंद्रीय बैंक की मुद्रा है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

A केवल 1 और 2
B केवल 2 और 3
C केवल 1 और 3
D 1, 2 और 3
व्याख्या

तीनों कथन सही हैं। विश्वास्य सार्वजनिक सेवाओं के लिए बनाया गया राष्ट्रीय ब्लॉकचेन ढांचा है। आभासी डिजिटल परिसंपत्ति सेवा प्रदाताओं को धन शोधन निवारण नियमों के दायरे में रखने का मतलब उनसे जुड़े जोखिमों को नियंत्रित करना है, उन्हें वैध मुद्रा मानना नहीं। खुदरा डिजिटल रुपया केंद्रीय बैंक की मुद्रा है। विकल्प क, ख और ग में से हर विकल्प एक सही कथन छोड़ देता है।

प्र.4राष्ट्रीय क्वांटम मिशन के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: कथन 1: इसे 19 अप्रैल 2023 को 2023-24 से 2030-31 की अवधि के लिए ₹6,003.65 करोड़ के परिव्यय के साथ मंजूरी दी गई। कथन 2: इसका दायरा केवल क्वांटम कंप्यूटर तक सीमित है और इसमें क्वांटम संचार, क्वांटम सेंसिंग तथा मापन-विज्ञान और क्वांटम सामग्री तथा उपकरण शामिल नहीं हैं। निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?

A कथन 1 और कथन 2 दोनों सही हैं
B कथन 1 और कथन 2 दोनों गलत हैं
C कथन 1 सही है, लेकिन कथन 2 गलत है
D कथन 1 गलत है, लेकिन कथन 2 सही है
व्याख्या

कथन 1 सही है। कथन 2 गलत है, क्योंकि मिशन के चार बड़े क्षेत्र हैं: क्वांटम कंप्यूटिंग, क्वांटम संचार, क्वांटम सेंसिंग और मापन-विज्ञान, तथा क्वांटम सामग्री और उपकरण। इसलिए मिशन को केवल कंप्यूटर तक सीमित मानने वाले या मंजूरी के विवरण को गलत मानने वाले विकल्प नहीं चुने जा सकते।

प्र.5भारत के डिजिटल रुपये के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. आरबीआई का खुदरा डिजिटल रुपया परीक्षण 1 दिसंबर 2022 को शुरू हुआ। 2. डिजिटल रुपया आरबीआई द्वारा जारी केंद्रीय बैंक मुद्रा है और भौतिक रुपये के बराबर है; यह विकेंद्रीकृत निजी क्रिप्टो-टोकन नहीं है। निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?

A केवल 1
B 1 और 2 दोनों
C केवल 2
D न 1 न 2
व्याख्या

दोनों कथन सही हैं। खुदरा परीक्षण 1 दिसंबर 2022 को शुरू हुआ। जारीकर्ता और मौद्रिक दर्जा इसका फर्क साफ़ करते हैं: डिजिटल रुपया आरबीआई द्वारा जारी केंद्रीय बैंक मुद्रा है और भौतिक रुपये के बराबर है, जबकि विकेंद्रीकृत निजी क्रिप्टो परिसंपत्ति अलग होती है।

आपने 13 में से 5 नमूना प्रश्न देख लिए हैं

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और प्रश्न

6सूची 1 को सूची 2 से सुमेलित कीजिए और नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए। सूची 1 (अवधारणा) क. शोर एल्गोरिदम ख. ग्रोवर एल्गोरिदम ग. क्वांटम कुंजी वितरण घ. पोस्ट-क्वांटम क्रिप्टोग्राफी सूची 2 (मुख्य संबंध) 1. क्वांटम हमलों का सामना करने के लिए बनाई गई पारंपरिक क्रिप्टोग्राफी पद्धति 2. क्वांटम सिद्धांतों पर आधारित संचार-सुरक्षा विधि 3. पर्याप्त सक्षम फॉल्ट-टॉलरेंट क्वांटम कंप्यूटर से प्रचलित सार्वजनिक-कुंजी क्रिप्टोग्राफी को खतरा 4. असंरचित खोज में क्वाड्रेटिक स्पीड-अप

Aक-4, ख-3, ग-1, घ-2
Bक-3, ख-4, ग-2, घ-1
Cक-3, ख-2, ग-4, घ-1
Dक-1, ख-4, ग-2, घ-3

7ब्लॉकचेन की बनावट के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. हर ब्लॉक पिछले ब्लॉक का क्रिप्टोग्राफिक हैश साथ रखता है। 2. हर ब्लॉकचेन अनिवार्य रूप से खुली और बिना अनुमति वाली होती है। 3. प्रूफ-ऑफ-स्टेक में लॉक की गई स्टेक का उपयोग होता है और यह प्रूफ-ऑफ-वर्क से कम ऊर्जा लेता है। नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए।

Aकेवल 1
Bकेवल 1 और 3
Cकेवल 2 और 3
D1, 2 और 3

8सूची 1 को सूची 2 से मिलाइए: सूची 1 (अवधारणा) क. प्रूफ-ऑफ-वर्क ख. प्रूफ-ऑफ-स्टेक ग. स्मार्ट कॉन्ट्रैक्ट घ. ब्लॉकचेन के बाहर से आया मूल डेटा सूची 2 (विशेषता या सीमा) 1. लॉक की गई स्टेक का उपयोग होता है और अपेक्षाकृत कम ऊर्जा खर्च होती है 2. गलत मूल सूचना दर्ज होने के बाद भी गलत ही रहना 3. कंप्यूटेशन में अधिक ऊर्जा खर्च होती है 4. पहले से तय शर्त पूरी होने पर कोड में दिए गए निर्देश चलते हैं नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए।

Aक-1, ख-3, ग-2, घ-4
Bक-3, ख-2, ग-4, घ-1
Cक-2, ख-1, ग-3, घ-4
Dक-3, ख-1, ग-4, घ-2

9नीचे दिए गए चरण किसी क्वांटम एल्गोरिदम से उपयोगी परिणाम पाने का सरल क्रम बताते हैं: क. क्यूबिट को मापें, जिससे अवस्था किसी एक परिणाम में सिमट जाए। ख. इंटरफेरेंस से उपयोगी परिणामों की संभावना बढ़ाएं और गलत रास्तों की संभावना घटाएं। ग. कई बार चलाकर इच्छित उत्तर मिलने की संभावना बढ़ाएं। घ. क्वांटम प्रणाली को आधार अवस्थाओं की सुपरपोज़िशन में रखें। चरणों को सही क्रम में लगाइए। नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए।

Aघ-क-ख-ग
Bख-घ-ग-क
Cक-घ-ख-ग
Dघ-ख-क-ग

10सीमांत तकनीकों में सुरक्षा और निजता के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. व्यक्तिगत डेटा को हैश करने के बाद, उसे दूसरे डेटा-संग्रहों से मिलाने पर भी दोबारा पहचान होने की हर संभावना समाप्त हो जाती है। 2. किसी प्रणाली में ब्लॉकचेन या कृत्रिम बुद्धिमत्ता होने पर भी एन्क्रिप्शन, प्रमाणीकरण, कुंजी प्रबंधन और घटना-प्रतिक्रिया जरूरी रहते हैं। 3. साइबर-भौतिक प्रणाली पर साइबर हमला भौतिक नुकसान कर सकता है। नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए।

Aकेवल 2 और 3
Bकेवल 1 और 2
Cकेवल 1 और 3
D1, 2 और 3

11क्वांटम गणना के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: कथन 1: क्यूबिट को मापने पर उसकी अवस्था संभावनाओं के अनुसार किसी एक परिणाम में सिमट जाती है। कथन 2: क्वांटम एल्गोरिदम इंटरफेरेंस का उपयोग इस तरह कर सकते हैं कि कई बार चलाने पर वांछित उत्तर की संभावना बढ़े और गलत रास्तों की संभावना घटे। निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?

Aकथन 1 और कथन 2 दोनों सही हैं
Bकथन 1 और कथन 2 दोनों गलत हैं
Cकथन 1 सही है, लेकिन कथन 2 गलत है
Dकथन 1 गलत है, लेकिन कथन 2 सही है

12क्वांटम सुरक्षा के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. क्वांटम कुंजी वितरण में कुंजी आदान-प्रदान के दौरान जासूसी पकड़ने के लिए क्वांटम अवस्थाओं का उपयोग होता है और इसके लिए विशेष क्वांटम संचार हार्डवेयर चाहिए। 2. पोस्ट-क्वांटम क्रिप्टोग्राफी में क्वांटम हमलों से बचने के लिए बनाए गए पारंपरिक एल्गोरिदम का उपयोग होता है और बदलाव के बाद यह अक्सर मौजूदा डिजिटल प्रणालियों पर चल सकती है। निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?

Aकेवल 1
Bकेवल 2
C1 और 2 दोनों
Dन 1 न 2

13क्वांटम कंप्यूटिंग के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. मापन से पहले क्यूबिट को आधार अवस्थाओं की सुपरपोज़िशन के रूप में दिखाया जा सकता है। 2. क्यूबिट का मापन उसकी सुपरपोज़िशन को बिना बदले छोड़ देता है और हमेशा एक निश्चित परिणाम देता है। 3. ग्रोवर एल्गोरिदम असंरचित खोज में वर्गमूल स्तर की तेजी देता है। नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए।

Aकेवल 1
Bकेवल 2 और 3
Cकेवल 1 और 2
Dकेवल 1 और 3

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