नीति आयोग ने राष्ट्रीय AI प्रतिभा मिशन शुरू करने की सिफारिश की, ताकि भारत को कृत्रिम बुद्धिमत्ता से जुड़े कार्यबल के विकास का वैश्विक केंद्र बनाया जा सके। यह सिफारिश नीति आयोग के कृत्रिम बुद्धिमत्ता अर्थव्यवस्था में रोजगार-सृजन रोडमैप में दी गई है। इसके अलावा, राष्ट्रीय मुद्रीकरण पाइपलाइन 2.0 (NMP 2.0) का अनुमान है कि 12 बुनियादी ढाँचा क्षेत्रों में निजी क्षेत्र की भागीदारी से अगले 5-10 वर्षों में भारत की GDP में लगभग ₹40 लाख करोड़ जुड़ सकते हैं। AI प्रतिभा मिशन का उद्देश्य AI और मशीन लर्निंग में बढ़ते कौशल अंतर को पाटना, भारत के जनसांख्यिकीय लाभांश का उपयोग करना और घरेलू उद्योग व वैश्विक बाजारों के लिए AI पेशेवरों की लगातार उपलब्धता तैयार करना है। यह पहल भारत के व्यापक डिजिटल इंडिया और उभरती प्रौद्योगिकी नीति ढाँचे के अनुरूप है।