भारत के केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 25 मार्च 2026 को अपने संशोधित राष्ट्रीय स्तर पर निर्धारित योगदान (NDC) को मंजूरी दी, जिसे UNFCCC को भेजा जाएगा। यह संशोधन पेरिस समझौते के तहत 2035 तक के जलवायु लक्ष्य निर्धारित करता है।

मुख्य लक्ष्य 2035

  • 2005 की तुलना में GDP की उत्सर्जन तीव्रता में 47% की कटौती
  • स्थापित बिजली उत्पादन क्षमता में 60% गैर-जीवाश्म स्रोतों की हिस्सेदारी
  • वन एवं वृक्ष आवरण बढ़ाकर 4.0 अरब टन CO₂ समतुल्य अवशोषण
  • दीर्घकालिक लक्ष्य: 2070 तक नेट-जीरो उत्सर्जन

भारत का रिकॉर्ड

  • 2005-2020 के बीच उत्सर्जन तीव्रता में 36% की कमी
  • फरवरी 2026 तक 52.57% स्थापित क्षमता गैर-जीवाश्म स्रोतों से