सुरक्षा बलों ने 11 सितंबर 2025 को छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में हुई मुठभेड़ में केंद्रीय समिति के सदस्य मोडेम बालकृष्ण सहित 10 नक्सलियों को मार गिराया। मोडेम बालकृष्ण पर ₹1 करोड़ का इनाम था। रायपुर से 180 किमी से अधिक दूर हुई इस संयुक्त कार्रवाई में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के कोबरा कमांडो, छत्तीसगढ़ पुलिस और जिला रिजर्व गार्ड शामिल थे।

मुठभेड़ स्थल से 10 हथियार बरामद किए गए। छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री ने इस कार्रवाई को माओवादी विद्रोह के लिए बड़ा झटका बताया। फ़रवरी 2026 में प्रकाशित एक रिपोर्ट ने 2025 में मारे गए माओवादियों की संख्या लगभग 285 बताई। यह आँकड़ा लाल गलियारे के राज्यों में नक्सल-विरोधी अभियान तेज़ होने का संकेत था।