केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने 24 मार्च को ग्रेटर नोएडा स्थित गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय स्तर के विश्व क्षय रोग दिवस 2026 कार्यक्रम की अध्यक्षता की। इस अवसर पर 'टीबी मुक्त भारत अभियान—100 दिवसीय अभियान' के साथ टीबी मुक्त भारत ऐप और टीबी मुक्त शहरी वार्ड पहल शुरू किए गए।

यह अभियान 1.58 लाख गांवों और शहरी वार्डों में चलाया जाएगा। इसे प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार सूक्ष्म योजनाएं तैयार की गई हैं। अभियान में शहरी गरीबों, आदिवासी समुदायों और प्रवासी समूहों सहित कमज़ोर आबादी पर ध्यान दिया जाएगा, ताकि टीबी की पहचान और इलाज की सुविधाएं अंतिम छोर तक पहुंचाने में रह गई कमियां दूर की जा सकें।

दिसंबर 2024 में व्यापक टीबी मुक्त भारत अभियान शुरू होने के बाद से 20 करोड़ से अधिक कमज़ोर लोगों की जांच की गई है और देश भर में 32.65 लाख टीबी रोगियों का पता चला है। भारत में टीबी के नए मामलों की दर 21% घटी है।

विश्व टीबी दिवस 2026 का विषय 'हाँ! हम टीबी को समाप्त कर सकते हैं!' है। यह दुनिया की सबसे घातक संक्रामक बीमारियों में से एक के खिलाफ कोशिशें तेज़ करने का वैश्विक आह्वान है। भारत का लक्ष्य 2030 के वैश्विक लक्ष्य से पहले टीबी का उन्मूलन करना है।