भारत ने 11–13 मार्च 2026 तक नई दिल्ली में आयोजित विश्व पैरा एथलेटिक्स ग्रां प्री 2026 में शीर्ष स्थान प्राप्त किया। रिकॉर्ड 208 पदकों — 75 स्वर्ण, 69 रजत और 64 कांस्य — के साथ भारत पदक तालिका में पहले स्थान पर रहा। भारत, रूस, नेपाल, भूटान, हांगकांग चीन, सर्बिया, बोस्निया और मिस्र से लगभग 257 एथलीटों ने भाग लिया। भारत ने 219 एथलीटों का सबसे बड़ा दल उतारा। रूस 35 पदकों (15 स्वर्ण) के साथ दूसरे स्थान पर रहा।

उत्कृष्ट प्रदर्शन में पेरिस 2024 पैरालंपिक की दो बार की पदक विजेता प्रीति पाल ने महिला 200 मीटर T35-T37 में 30.26 सेकंड के समय के साथ स्वर्ण जीता। सुमित अंतिल — पुरुष भाला फेंक F64 के मौजूदा पैरालंपिक चैंपियन — ने 69.25 मीटर के थ्रो के साथ स्वर्ण पदक जीता। यह ग्रां प्री 2028 लॉस एंजिल्स पैरालंपिक खेलों से पहले भारतीय पैरा-एथलीटों के लिए एक महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय कसौटी वाला आयोजन था।

यह आयोजन भारतीय पैरालंपिक समिति (PCI) और विश्व पैरा एथलेटिक्स (WPA) ने किया। यह सफलता पेरिस 2024 पैरालंपिक में भारत के ऐतिहासिक 29 पदक (7 स्वर्ण, 9 रजत, 13 कांस्य) — सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन — की पृष्ठभूमि में आई है।

राजस्थान प्रासंगिकता: राजस्थान ने राज्य की खेल योजनाओं के तहत कई पैरा-एथलीट तैयार किए हैं। पैरा-खेलों को बढ़ावा देना दिव्यांगजन अधिकार (RPWD) अधिनियम, 2016 के अनुरूप है, जो खेलों में समावेशी भागीदारी सुनिश्चित करता है।