77वें गणतंत्र दिवस परेड (26 जनवरी 2026) में बीकानेर की सदियों पुरानी उस्ता कला से प्रेरित राजस्थान की झांकी ने पॉपुलर चॉइस श्रेणी में तीसरा पुरस्कार जीता। परिणाम फरवरी के पहले सप्ताह में घोषित हुए। उस्ता कला, जिसे सुनहरी लाह कार्य या 'नक्काशी' भी कहते हैं, ऊंट की खाल पर सोने की पत्ती से जटिल डिजाइन बनाने की कला है, जिसे बीकानेर का मुस्लिम कारीगर समुदाय 400 से अधिक वर्षों से कर रहा है।

इस कला को GI टैग प्राप्त है और बीकानेर में 200 से कम परिवार इसे करते हैं। झांकी ने राजस्थान की अनूठी कला विरासत प्रदर्शित की। राज्य सरकार ने ODOP योजना से उस्ता कारीगरों को अतिरिक्त सहायता की घोषणा की।