प्रकाशित: 1 सितंबर 2025PIBअर्थव्यवस्था
भारत ने जापान को पीछे छोड़ा, 2025 में दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना
भारत ने 2025 में जापान को पीछे छोड़कर लगभग 4.18 लाख करोड़ डॉलर की GDP के साथ नाममात्र GDP के मामले में दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनकर एक ऐतिहासिक आर्थिक उपलब्धि हासिल की। भारत की नाममात्र GDP 2014-15 में 106.57 लाख करोड़ रुपये से तिगुनी होकर 2024-25 में 331.03 लाख करोड़ रुपये हो गई, जो निरंतर संरचनात्मक सुधारों, डिजिटल बदलाव और आत्मनिर्भर भारत की दृष्टि को दिखाती है। भारत 6.5% वास्तविक GDP वृद्धि दर्ज करते हुए दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बना हुआ है। 2025-26 की दूसरी तिमाही में GDP छह तिमाहियों के उच्चतम स्तर पर पहुंची।
भारत की नरम मौद्रिक नीति ने भी इसमें सहायक भूमिका निभाई, जिसमें RBI की नीतिगत ब्याज दर जनवरी 2025 के 6.5% से घटकर सितंबर 2025 तक 5.5% पर आ गई। अर्थशास्त्रियों का अनुमान है कि भारत 2030 तक 7.3 लाख करोड़ डॉलर की GDP के साथ दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा। हालांकि, IMF ने उल्लेख किया कि GDP मापने की पद्धति में संशोधन के बाद भारत पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में आता है।
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अभ्यास प्रश्न MCQ
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जुड़ा प्रश्नमध्यम
मौद्रिक नरमी के चक्र के बाद सितंबर 2025 तक RBI की नीतिगत ब्याज दर क्या थी?
व्याख्या · सही उत्तर CRBI की नीतिगत ब्याज दर मौद्रिक सहजता चक्र के तहत जनवरी 2025 में 6.5% से घटकर सितंबर 2025 तक 5.5% हो गई, जबकि नए ऋणों पर औसत उधार दरें लगभग 0.6 प्रतिशत अंक गिरीं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
भारत ने जापान को कब पीछे छोड़ा और उस समय भारत की नाममात्र GDP कितनी थी?
भारत ने 2025 में जापान को पीछे छोड़कर दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की उपलब्धि हासिल की, जिसकी नाममात्र GDP लगभग 4.18 लाख करोड़ डॉलर थी। अब भारत वैश्विक GDP रैंकिंग में केवल अमेरिका, चीन और जर्मनी से पीछे है।
भारत की GDP वृद्धि के पीछे कौन-से प्रमुख कारण रहे जिन्होंने जापान को पीछे छोड़ने में मदद की?
भारत की आर्थिक प्रगति के पीछे 6.5% की वास्तविक GDP वृद्धि, RBI की दर कटौती से निवेश और उपभोग को मिली गति, और आत्मनिर्भर भारत के तहत जारी संरचनात्मक सुधार प्रमुख कारण रहे। विनिर्माण और सेवा क्षेत्र दोनों की निरंतर वृद्धि ने भी इस उपलब्धि में योगदान दिया।
नाममात्र GDP और वास्तविक GDP में क्या अंतर है और अंतरराष्ट्रीय आर्थिक रैंकिंग में कौन-सा आँकड़ा इस्तेमाल किया जाता है?
नाममात्र GDP मौजूदा बाजार कीमतों पर मापी जाती है; इसमें मुद्रास्फीति का समायोजन नहीं किया जाता। वास्तविक GDP मुद्रास्फीति का समायोजन करके वास्तविक उत्पादन वृद्धि दिखाती है। भारत ने जापान को पीछे छोड़कर जो रैंकिंग हासिल की, वह प्रचलित विनिमय दरों पर अमेरिकी डॉलर में नाममात्र GDP पर आधारित है।
आत्मनिर्भर भारत पहल क्या है और इसने भारत की आर्थिक प्रगति में कैसे योगदान दिया?
आत्मनिर्भर भारत 2020 में भारत सरकार द्वारा शुरू की गई पहल है, जिसका उद्देश्य घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देना, आयात पर निर्भरता कम करना और मजबूत आपूर्ति श्रृंखलाएँ बनाना है। PLI (उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना) जैसी योजनाओं सहित इस पहल के तहत हुए संरचनात्मक सुधारों ने भारत के विनिर्माण आधार को मजबूत किया।
GDP के आकार के लिहाज से भारत का लक्ष्य क्या है और वह इसे कब तक हासिल करना चाहता है?
भारत का लक्ष्य जर्मनी को पीछे छोड़कर दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनना और 5 लाख करोड़ डॉलर की अर्थव्यवस्था का लक्ष्य हासिल करना है। यह लक्ष्य निरंतर सुधारों, बुनियादी ढाँचे में निवेश और स्वतंत्रता की शताब्दी तक विकसित राष्ट्र बनने के विकसित भारत 2047 के दृष्टिकोण से पूरा किया जा रहा है।