मुकेश अंबानी के नेतृत्व में रिलायंस इंडस्ट्रीज ने फरवरी 2026 में भारत की संप्रभु कंप्यूटिंग क्षमता तैयार करने के लिए 10 लाख करोड़ रुपये (लगभग 110 अरब डॉलर) के AI अवसंरचना निवेश की घोषणा की। इस पहल का लक्ष्य विदेशी प्लेटफ़ॉर्मों पर निर्भरता घटाकर देश में ही AI कंप्यूटिंग क्षमता स्थापित करना है। भारत का AI उद्योग 45% CAGR के साथ ₹2,47,766 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है। 2026 के अंत तक AI पेशेवरों की मांग 10 लाख से अधिक होने की उम्मीद है।