विश्व हिंदी दिवस हर वर्ष 10 जनवरी को मनाया जाता है। यह 10 जनवरी 1975 को नागपुर, महाराष्ट्र में हुए प्रथम विश्व हिंदी सम्मेलन की वर्षगाँठ से जुड़ा है। यह दिन हिंदी को विश्व भाषा के रूप में रेखांकित करता है और विश्वभर में 60 करोड़ से अधिक वक्ताओं तक उसकी पहुँच का उत्सव है। 2026 में विदेश मंत्रालय ने दुनियाभर के भारतीय दूतावासों और मिशनों में स्मारक कार्यक्रम आयोजित किए, जिनका केंद्रीय विषय डिजिटल कनेक्टिविटी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में हिंदी की भूमिका था। हिंदी को संविधान के अनुच्छेद 343 के तहत संघ की राजभाषा के रूप में मान्यता प्राप्त है। राजस्थान हिंदी भाषाई परिदृश्य में एक विशेष स्थान रखता है — राज्य में मारवाड़ी, मेवाड़ी, शेखावाटी, हाड़ौती, ढूँढाड़ी और मेवाती सहित कई क्षेत्रीय बोलियाँ हैं। राज्य सरकार राजस्थान साहित्य अकादमी (उदयपुर) के ज़रिए हिंदी और राजस्थानी बोलियों को सक्रिय रूप से बढ़ावा देती है, जो मीरा पुरस्कार और सूर्यमल मिश्रण शोध पुरस्कार जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान करती है।