राजस्थान सरकार ने चिकित्सा शिक्षा प्रशासन और स्वास्थ्य सेवाओं के समन्वय को ज़्यादा व्यवस्थित बनाने के लिए ई-स्वास्थ्य संवाद डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म शुरू किया है। इसे मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा और चिकित्सा शिक्षा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने लॉन्च किया। यह पहल 30 दिसंबर 2025 के राजस्थान समसामयिकी संदर्भ में महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह राज्य स्तर पर डिजिटल गवर्नेंस, जवाबदेही और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े कामों को तेज़ी से लागू करने से जुड़ी है।

ई-स्वास्थ्य संवाद का मुख्य उद्देश्य चिकित्सा शिक्षा विभाग, वरिष्ठ अधिकारियों, शिक्षकों, छात्रों और जनता के बीच संवाद को एक नियमित डिजिटल ढांचे में लाना है। प्लेटफ़ॉर्म पर सप्ताह में दो बार, मंगलवार और गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस होंगी। पहला चरण शाम 5 बजे वरिष्ठ अधिकारियों के लिए होगा, जबकि दूसरा चरण शाम 6 बजे शिक्षकों, छात्रों और जनता से संवाद के लिए रखा गया है। इससे निर्णय-प्रक्रिया तेज़ करने और कार्यक्रमों को लागू करने में देरी कम करने की कोशिश दिखती है।

इस पहल में 72 घंटे के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट देना आवश्यक रखा गया है। प्रधान सचिव गायत्री राठौड़ इसके समन्वय से जुड़ी हैं। परीक्षा में 72 घंटे की कार्रवाई रिपोर्ट, सप्ताह में दो बार वीडियो कॉन्फ्रेंस और चिकित्सा शिक्षा विभाग में जवाबदेही जैसे बिंदु सीधे याद रखने योग्य हैं। प्रिलिम्स में प्लेटफ़ॉर्म का उद्देश्य, बैठकों की आवृत्ति, समय और कार्रवाई रिपोर्ट की समय-सीमा पूछी जा सकती है। मुख्य परीक्षा में इसे राज्य सरकार की जवाबदेही बढ़ाने, तकनीक आधारित प्रशासन और चिकित्सा शिक्षा तंत्र में पारदर्शिता लाने के उदाहरण के रूप में जोड़ा जा सकता है। स्टैटिक जीके लिंक के तौर पर इसे सुशासन, ई-गवर्नेंस और सार्वजनिक सेवा वितरण के साथ पढ़ना उपयोगी रहेगा।