15 दिसंबर 2025 को केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भारत पारस्परिक शुल्क घटाने के उद्देश्य से अमेरिका के साथ प्रारंभिक व्यापार ढांचे के समझौते के 'बहुत करीब' है। यह घोषणा द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) और अंतरिम शुल्क कटौती व्यवस्था पर छह दौर की वार्ता के बाद हुई। यह वार्ता ट्रंप प्रशासन द्वारा अप्रैल 2025 में भारतीय वस्तुओं पर फिर से लगाए गए उच्च पारस्परिक शुल्क की पृष्ठभूमि में हो रही है, जिससे रत्न-आभूषण, वस्त्र, फार्मास्यूटिकल और इंजीनियरिंग वस्तुओं पर प्रतिकूल असर पड़ा है। भारत अमेरिका का 9वाँ सबसे बड़ा व्यापारिक भागीदार है और दोनों देशों के बीच वार्षिक द्विपक्षीय माल व्यापार $130 अरब से अधिक है। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने भी पुष्टि की कि बातचीत उन्नत चरण में है। यह घटनाक्रम भारत की निर्यात-उन्मुख अर्थव्यवस्था और बढ़ते व्यापार संरक्षणवाद के बीच वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में प्रतिस्पर्धी बने रहने की क्षमता के लिए महत्वपूर्ण है।