रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली में रक्षा अधिप्राप्ति मैनुअल (DPM) 2025 जारी किया, जो 2009 के पुराने मैनुअल की जगह लेगा। नए मैनुअल में आत्मनिर्भर भारत पहल के तहत रक्षा सुधारों को शामिल किया गया है और यह 1 नवंबर 2025 से प्रभावी होगा। तीनों सशस्त्र सेवाओं की लगभग ₹1 लाख करोड़ की राजस्व अधिप्राप्ति इसी के तहत होगी।

प्रमुख विशेषताओं में सरलीकृत प्रक्रियाएं, तेज अधिग्रहण समयसीमा, स्वदेशी स्रोतों पर अधिक जोर और AI, क्वांटम कंप्यूटिंग, स्वायत्त प्रणालियों जैसी उभरती प्रौद्योगिकियों के लिए प्रावधान शामिल हैं। मैनुअल में घरेलू विक्रेताओं को वरीयता दी गई है और कुछ श्रेणियां विशेष रूप से भारतीय कंपनियों के लिए आरक्षित की गई हैं।