भारत-रूस संयुक्त प्रशिक्षण अभ्यास इंद्र-2025 का 14वां संस्करण 6-15 अक्टूबर 2025 तक राजस्थान के बीकानेर जिले में महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में आयोजित हुआ। इसमें प्रत्येक पक्ष से 250 से अधिक सैनिक शामिल हुए। RAS और UPSC जैसी परीक्षाओं में इससे भारत-रूस रक्षा सहयोग, राजस्थान में सैन्य अभ्यास और रक्षा तकनीक से जुड़े प्रश्न बन सकते हैं।

इंद्र अभ्यास श्रृंखला भारत और रूस के बीच लंबे समय से चल रहे रक्षा सहयोग का हिस्सा है। यह श्रृंखला 2003 में शुरू हुई और भारत तथा रूस के बीच बारी-बारी से आयोजित होती रही है। इंद्र-2025 को 2021 के बाद फिर शुरू हुए अभ्यास के रूप में भी याद रखना चाहिए, क्योंकि रूस-यूक्रेन संघर्ष के कारण बीच में ठहराव आया था। व्यापक संदर्भ में भारत-रूस रक्षा सहयोग को 2021-2031 के सैन्य-तकनीकी सहयोग समझौते से दिशा मिलती है।

अभ्यास की प्रकृति केवल औपचारिक सैन्य संपर्क तक सीमित नहीं थी। इसमें आतंकवाद-रोधी अभियानों, संयुक्त सामरिक अभ्यास, लाइव-फायर प्रशिक्षण, रेगिस्तानी परिस्थितियों में नजदीकी लड़ाई और बंधक-राहत सिमुलेशन जैसे बिंदु शामिल रहे। मानवरहित विमान से टोही और लक्ष्य-चयन, हवाई सहायता समन्वय और तोपखाने के तालमेल जैसे पहलू इसे रक्षा तकनीक और सैन्य आधुनिकीकरण के नजरिए से भी परीक्षा-उपयोगी बनाते हैं।

परीक्षा की दृष्टि से इसे तीन स्तरों पर पढ़ना चाहिए। पहला, प्रीलिम्स में स्थान, तारीख, संस्करण और भागीदारी जैसे सीधे तथ्य पूछे जा सकते हैं। दूसरा, राजस्थान से जुड़े प्रश्नों में बीकानेर और महाजन फील्ड फायरिंग रेंज का संदर्भ आ सकता है। तीसरा, मुख्य परीक्षा में भारत-रूस संबंध, संयुक्त सैन्य अभ्यासों की भूमिका और बदलते भू-राजनीतिक माहौल में रक्षा साझेदारी की निरंतरता पर विश्लेषणात्मक प्रश्न बन सकता है।