केंद्रीय उत्पाद शुल्क दिवस प्रत्येक वर्ष 24 फरवरी को भारत में केंद्रीय उत्पाद शुल्क और नमक अधिनियम, 1944 के अधिनियमन की स्मृति में मनाया जाता है। 2026 में यह दिन इस अधिनियम की 82वीं वर्षगांठ है। यह दिन वित्त मंत्रालय के तहत केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (CBIC) द्वारा मनाया जाता है।

जुलाई 2017 में वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू होने के बाद केंद्रीय उत्पाद शुल्क काफी हद तक GST में समाहित हो गया — पेट्रोलियम उत्पादों, तंबाकू और मानव उपभोग के लिए शराब को छोड़कर। GST संग्रह वित्त वर्ष 2025-26 में पहली बार 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया, जो मजबूत उपभोग और बेहतर अनुपालन को दर्शाता है।

राजस्थान के लिए, जिसमें सिरेमिक (अलवर), सीमेंट, वस्त्र और रत्न-आभूषण में महत्वपूर्ण विनिर्माण आधार है, उत्पाद शुल्क और GST राजस्व राज्य के वित्त का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनाते हैं। राज्य के GST संग्रह में लगातार वृद्धि हो रही है।