24–25 फरवरी 2026 को IIRIS कंसल्टिंग और राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय जोधपुर (NLUJ), राजस्थान ने IIRIS चेयर ऑफ इन्फॉर्मेशन सिक्योरिटी (इन्फोसेक) और फोरेंसिक सोसायटी की स्थापना के लिए एक MoU पर हस्ताक्षर किए। यह किसी भारतीय विधि विश्वविद्यालय में सूचना सुरक्षा और फोरेंसिक विज्ञान की पहली समर्पित चेयर है।

MoU पर IIRIS कंसल्टिंग की CEO सागरिका चक्रवर्ती और NLUJ की कुलपति प्रो. (डॉ.) हरप्रीत कौर ने हस्ताक्षर किए। इस साझेदारी के तहत साइबर आधारित फोरेंसिक जांच और ड्यू डिलिजेंस पर एक संयुक्त सर्टिफिकेट कार्यक्रम की भी घोषणा की गई, जो कानूनी सिद्धांत को व्यावहारिक डिजिटल जांच कौशल से जोड़ता है।

NLUJ, राजस्थान का एक प्रमुख विधि विश्वविद्यालय है और कानूनी सिद्धांत में विशेषज्ञता देता है। वहीं IIRIS के पास दस देशों में एक दशक से अधिक का वास्तविक जांच अनुभव है। यह चेयर राजस्थान के डिजिटल शासन और साइबर सुरक्षा लक्ष्यों को मजबूत करती है।