केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने 27 जून 2026 को गांधीनगर के महात्मा मंदिर कन्वेंशन एवं एग्जीबिशन सेंटर से देश की पहली सहकारिता आधारित टैक्सी सेवा "भारत टैक्सी" का शुभारंभ किया। यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के "सहकार से समृद्धि" के विजन को परिवहन एवं मोबिलिटी क्षेत्र तक विस्तार देती है। "सारथी ही मालिक" के सिद्धांत पर आधारित भारत टैक्सी देश की पहली चालक-स्वामित्व वाली राइड-हेलिंग सेवा है, जिसमें टैक्सी चालक केवल सेवा प्रदाता नहीं, बल्कि प्लेटफॉर्म के सहभागी और स्वामी भी हैं, जिससे उन्हें आर्थिक सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा और स्वामित्व का लाभ मिलता है। यह प्लेटफॉर्म सहकार टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड द्वारा देश की 8 प्रमुख सहकारी संस्थाओं — एनसीडीसी, जीसीएमएमएफ (अमूल), एनडीडीबी, नाफेड, इफको, कृभको, नाबार्ड और एनसीईएल — के सहयोग से संचालित है। बहु-राज्य सहकारी समितियां अधिनियम, 2002 के अंतर्गत पंजीकृत यह सेवा 6 जून 2025 को स्थापित हुई और दिसंबर 2025 में गुजरात में इसका सॉफ्ट-लांच हुआ। भारत टैक्सी शून्य-कमीशन एवं सर्ज-फ्री प्राइसिंग मॉडल पर संचालित होती है, जिससे आय का अधिकतम लाभ सीधे सारथियों तक पहुंचता है तथा उन्हें बीमा, ऋण, पेंशन एवं सरकारी सामाजिक योजनाओं का लाभ भी मिलता है। देशभर में 7 लाख से अधिक सारथी और 37 लाख से अधिक ग्राहक इससे जुड़ चुके हैं, जिनमें अकेले गुजरात से 1.5 लाख से अधिक सारथी शामिल हैं तथा प्रतिदिन 3,500 से अधिक राइड्स पूरी की जा रही हैं। यह सेवा गुजरात के 14 प्रमुख शहरों में शुरू की गई, एक माह में पूरे राज्य तथा आगे सभी राज्यों एवं प्रमुख शहरों में विस्तार का लक्ष्य है।
अमित शाह ने देश की पहली सहकारिता आधारित टैक्सी सेवा भारत टैक्सी का शुभारंभ किया
अमित शाह ने गांधीनगर से देश की पहली सहकारिता आधारित, चालक-स्वामित्व वाली टैक्सी सेवा "भारत टैक्सी" का शुभारंभ किया, जो "सहकार से समृद्धि" के विजन को मोबिलिटी क्षेत्र तक विस्तार देती है, शून्य-कमीशन मॉडल एवं देशव्यापी विस्तार योजना के साथ।
मुख्य तथ्य
- 27 जून 2026 को गांधीनगर के महात्मा मंदिर कन्वेंशन सेंटर से केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह द्वारा शुभारंभ।
- सारथी ही मालिक के सिद्धांत पर आधारित देश की पहली सहकारिता आधारित, चालक-स्वामित्व वाली राइड-हेलिंग सेवा।
- सहकार टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड द्वारा 8 सहकारी संस्थाओं — एनसीडीसी, जीसीएमएमएफ (अमूल), एनडीडीबी, नाफेड, इफको, कृभको, नाबार्ड और एनसीईएल — के सहयोग से संचालित।
- बहु-राज्य सहकारी समितियां अधिनियम, 2002 के अंतर्गत पंजीकृत; 6 जून 2025 को स्थापित; दिसंबर 2025 में गुजरात में सॉफ्ट-लांच।
- शून्य-कमीशन एवं सर्ज-फ्री प्राइसिंग मॉडल पर संचालित; सारथियों को बीमा, ऋण, पेंशन एवं सामाजिक सुरक्षा का लाभ।
- देशभर में 7 लाख से अधिक सारथी और 37 लाख से अधिक ग्राहक; गुजरात से 1.5 लाख से अधिक सारथी; 14 शहरों में शुरू; प्रतिदिन 3,500 से अधिक राइड्स।
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अभ्यास प्रश्न MCQ
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भारत टैक्सी के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह देश की पहली सहकारिता आधारित, चालक-स्वामित्व वाली राइड-हेलिंग सेवा है जो बहु-राज्य सहकारी समितियां अधिनियम, 2002 के अंतर्गत पंजीकृत है। 2. यह शून्य-कमीशन एवं सर्ज-फ्री प्राइसिंग मॉडल पर संचालित होती है। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
दोनों कथन सही हैं। भारत टैक्सी देश की पहली सहकारिता आधारित, चालक-स्वामित्व वाली राइड-हेलिंग सेवा है, जो बहु-राज्य सहकारी समितियां अधिनियम, 2002 के अंतर्गत पंजीकृत है (6 जून 2025 को स्थापित)। यह शून्य-कमीशन एवं सर्ज-फ्री प्राइसिंग मॉडल पर चलती है जिससे अधिकतम आय सीधे सारथियों तक पहुंचती है। अतः 1 और 2 दोनों सही हैं।
स्रोत: PIB
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
भारत टैक्सी क्या है?
भारत टैक्सी देश की पहली सहकारिता आधारित, चालक-स्वामित्व वाली राइड-हेलिंग सेवा है, जो सारथी ही मालिक के सिद्धांत पर आधारित है, जिसमें चालक प्लेटफॉर्म के सहभागी और स्वामी भी हैं।
भारत टैक्सी का संचालन कौन करता है और यह किस अधिनियम के अंतर्गत पंजीकृत है?
इसका संचालन सहकार टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड द्वारा 8 सहकारी संस्थाओं (एनसीडीसी, जीसीएमएमएफ/अमूल, एनडीडीबी, नाफेड, इफको, कृभको, नाबार्ड, एनसीईएल) के सहयोग से किया जाता है तथा यह बहु-राज्य सहकारी समितियां अधिनियम, 2002 के अंतर्गत पंजीकृत है।
भारत टैक्सी किस विजन को आगे बढ़ाती है?
यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सहकार से समृद्धि के विजन को परिवहन एवं मोबिलिटी क्षेत्र तक विस्तार देती है।
इसका मॉडल सारथियों को क्या लाभ देता है?
यह शून्य-कमीशन एवं सर्ज-फ्री प्राइसिंग मॉडल पर चलती है जिससे अधिकतम आय सीधे सारथियों तक पहुंचती है, और उन्हें बीमा, ऋण, पेंशन एवं सरकारी सामाजिक सुरक्षा का लाभ भी मिलता है।
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