केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने 24 फरवरी 2026 को जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT) के 40वें स्थापना दिवस पर SUJVIKA AI पोर्टल शुरू किया। जैव प्रौद्योगिकी उत्पादों के आंकड़े देने वाला यह पोर्टल कृत्रिम बुद्धिमत्ता से संचालित होता है और इसे जैव प्रौद्योगिकी आधारित उद्यम संघ (ABLE) के सहयोग से तैयार किया गया।

यह व्यापार सांख्यिकी का डिजिटल सूचना मंच है, जो जैव प्रौद्योगिकी उत्पादों के प्रमाणित आयात आंकड़ों को व्यवस्थित करके आसानी से उपलब्ध कराता है। यह जैव-रासायनिक उत्पादों, औद्योगिक एंजाइमों और जैव प्रौद्योगिकी से जुड़े अन्य आयातों की क्षेत्रवार जानकारी देता है। इसकी मदद से शोधकर्ता, स्टार्टअप और उद्योग महंगे आयातों की पहचान कर सकते हैं, आयात पर निर्भरता का आकलन कर सकते हैं और स्वदेशीकरण व अनुसंधान-विकास की प्राथमिकताएँ तय कर सकते हैं। भारत की जैव-अर्थव्यवस्था का आकार 2024 में लगभग 165.7 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुँच गया।