केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने आईएस 19412:2025 जारी किया, जो अगरबत्ती के लिए भारत का पहला समर्पित बीआईएस मानक है। इस मानक में कीटनाशक रसायनों और कृत्रिम सुगंधित पदार्थों पर रोक है। इसमें उत्पादों को मशीन से बनी, हाथ से बनी तथा पारंपरिक मसाला अगरबत्ती की श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है। भारत लगभग 8,000 करोड़ रुपये के सालाना उत्पादन और लगभग 1,200 करोड़ रुपये के निर्यात के साथ दुनिया का सबसे बड़ा अगरबत्ती उत्पादक है।