RAS प्रश्न
ऑनलाइन गेमिंग के संवर्धन और विनियमन नियम, 2026 के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1) नियम कौशल पर आधारित होने पर ऑनलाइन मनी गेमों की अनुमति देते हैं। 2) बैंक तथा वित्तीय मध्यस्थ ऑनलाइन गेमिंग लेन-देन से जुड़े किसी भी दायित्व से छूट प्राप्त हैं। ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
सही उत्तर: (D) न तो 1 और न ही 2।
ऑनलाइन गेमिंग के संवर्धन और विनियमन नियम, 2026 के तहत कौशल के आधार पर खेले जाने वाले पैसे के दाँव वाले ऑनलाइन खेल भी प्रतिबंधित हैं। बैंकों और भुगतान प्रणालियों पर इन खेलों से जुड़े भुगतान की प्रक्रिया पूरी करने पर रोक है और इससे जुड़े दायित्वों से भी उन्हें छूट नहीं है।
व्याख्या
दोनों कथन गलत हैं। नियमों के अनुसार ई-स्पोर्ट्स और ऑनलाइन खेले जाने वाले सामाजिक खेलों की अनुमति है, जबकि पैसे के दाँव वाले ऑनलाइन खेल प्रतिबंधित हैं। जिस ऑनलाइन खेल में पैसे का दाँव लगाया जाता है, वह संयोग, कौशल या दोनों पर आधारित हो सकता है। इसलिए पैसे के दाँव वाले सभी ऑनलाइन खेलों पर रोक लागू होती है, चाहे वे कौशल के आधार पर खेले जाएँ। इनके विज्ञापन, प्रचार और इन्हें चलाने में मदद करने पर भी रोक है। बैंक और भुगतान प्रणालियाँ इन खेलों से जुड़े भुगतान की प्रक्रिया पूरी नहीं कर सकतीं। इस रोक को लागू कराने के लिए भारतीय ऑनलाइन गेमिंग प्राधिकरण वित्तीय संस्थानों के साथ मिलकर काम करता है। वित्तीय मध्यस्थों को भी इससे जुड़े दायित्वों से छूट नहीं है।
बाक़ी विकल्प गलत क्यों हैं
- (A) कथन 1 गलत है, क्योंकि संयोग, कौशल या दोनों पर आधारित पैसे के दाँव वाले सभी ऑनलाइन खेल प्रतिबंधित हैं; कौशल के आधार पर खेले जाने वाले खेलों को भी अनुमति नहीं है।
- (B) कथन 2 गलत है, क्योंकि बैंक और भुगतान प्रणालियाँ प्रतिबंधित पैसे के दाँव वाले ऑनलाइन खेलों से जुड़े भुगतान की प्रक्रिया पूरी नहीं कर सकतीं और उन्हें इस रोक को लागू कराने से जुड़े दायित्व भी निभाने होते हैं।
- (C) दोनों कथन सही नहीं हो सकते, क्योंकि नियम पैसे के दाँव वाले सभी ऑनलाइन खेलों पर रोक लगाते हैं, वित्तीय मध्यस्थों को छूट नहीं देते और इस रोक को लागू कराने के दायित्व भी उन्हें सौंपते हैं।
अवधारणा
यह प्रश्न परखता है कि आप डिजिटल अर्थव्यवस्था से जुड़े नियमों के तहत अनुमत और प्रतिबंधित ऑनलाइन खेलों के बीच अंतर, नियामक संस्था के ढाँचे, वित्तीय मध्यस्थों की भूमिका और उपभोक्ता संरक्षण के नियमों को कितनी अच्छी तरह समझते हैं। RAS की दृष्टि से यह विषय महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसमें मौजूदा कानून और नीति के साथ संस्थागत ढाँचे की समझ भी ज़रूरी है।
