RAS प्रश्न
GSLV Mk III के क्रायोजेनिक ऊपरी चरण में किस ईंधन संयोजन का उपयोग किया जाता है?
सही उत्तर: (B) तरल हाइड्रोजन और तरल ऑक्सीजन।
GSLV Mk III के C25 क्रायोजेनिक ऊपरी चरण में तरल हाइड्रोजन ईंधन और तरल ऑक्सीजन ऑक्सीकारक का उपयोग होता है।
व्याख्या
GSLV Mk III का क्रायोजेनिक ऊपरी चरण C25 है। ISRO के अनुसार C25, ISRO द्वारा विकसित सबसे शक्तिशाली ऊपरी चरण है और इसमें तरल ऑक्सीजन तथा तरल हाइड्रोजन प्रणोदक संयोजन का उपयोग होता है। इसलिए विकल्प B सही है: तरल हाइड्रोजन ईंधन की भूमिका में है और तरल ऑक्सीजन ऑक्सीकारक की भूमिका में। यह संयोजन रासायनिक प्रणोदकों में सबसे अधिक विशिष्ट आवेग देता है, इसलिए इसे क्रायोजेनिक ऊपरी चरण में चुना जाता है। ये दोनों द्रव अलग-अलग टैंकों में रखे जाते हैं और बहुत कम तापमान पर भंडारित होते हैं, जो क्रायोजेनिक चरण की पहचान है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) केरोसीन और तरल ऑक्सीजन C25 क्रायोजेनिक ऊपरी चरण का संयोजन नहीं है, क्योंकि ISRO के अनुसार C25 में तरल हाइड्रोजन और तरल ऑक्सीजन का उपयोग होता है।
- (C) UDMH और नाइट्रोजन टेट्रॉक्साइड विकास इंजन के कोर चरण से जुड़े हैं, जबकि GSLV Mk III का क्रायोजेनिक ऊपरी चरण C25 है।
- (D) ठोस हाइड्रॉक्सिल-टर्मिनेटेड पॉलीब्यूटाडाइन ठोस बूस्टरों में प्रयुक्त प्रणोदक है, C25 जैसे क्रायोजेनिक ऊपरी चरण में नहीं।
अवधारणा
प्रक्षेपण यानों की प्रणोदन-प्रणाली में क्रायोजेनिक चरण और प्रणोदक-ऑक्सीकारक संयोजन की समझ जरूरी है। RAS में ISRO, स्वदेशी प्रौद्योगिकी और अंतरिक्ष कार्यक्रम से जुड़े तथ्य बार-बार विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी खंड में पूछे जाते हैं।
