RAS प्रश्न
2025 का रसायन विज्ञान का नोबेल पुरस्कार मेटल-ऑर्गेनिक फ्रेमवर्क के विकास के लिए दिया गया। पानी इकट्ठा करने और कार्बन डाइऑक्साइड पकड़ने जैसे उपयोगों के लिए इन्हें उपयुक्त बनाने वाली मुख्य विशेषता क्या है?
सही उत्तर: (C) बहुत बड़ा आंतरिक पृष्ठीय क्षेत्रफल।
मेटल-ऑर्गेनिक फ्रेमवर्क का विशाल आंतरिक सतह क्षेत्र ही उन्हें रेगिस्तानी हवा से पानी इकट्ठा करने और कार्बन डाइऑक्साइड पकड़ने जैसे उपयोगों के लिए उपयुक्त बनाता है।
व्याख्या
मेटल-ऑर्गेनिक फ्रेमवर्क ऐसे छिद्रदार पदार्थ हैं जिनकी बनावट में बड़े खाली स्थान होते हैं। इन्हीं खाली स्थानों और बहुत बड़े आंतरिक सतह क्षेत्र के कारण गैसों और अन्य रसायनों का इनके भीतर आना-जाना, फंसना और संग्रहित होना संभव होता है। नोबेल प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इनके निर्माण-घटकों को बदलकर इन्हें खास पदार्थों को पकड़ने और संग्रहित करने के लिए तैयार किया जा सकता है। इसलिए यही विशेषता रेगिस्तानी हवा से जल संग्रहण, कार्बन डाइऑक्साइड अवशोषण, हाइड्रोजन भंडारण और दवा वितरण जैसे उपयोगों की बुनियाद है। अब तक 1 लाख से अधिक ऐसे फ्रेमवर्क संश्लेषित किए जा चुके हैं, इसलिए प्रश्न में पूछा गया मुख्य गुण ताप, रेडियोधर्मिता या विद्युत प्रतिरोध नहीं, बल्कि आंतरिक सतह क्षेत्र है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) उच्च तापीय चालकता से गर्मी के प्रवाह की बात समझ में आती है, लेकिन दिए गए उपयोगों में मुख्य जरूरत गैस या जल-अणुओं को खाली स्थानों में पकड़ने और संग्रहित करने की है।
- (B) रेडियोधर्मी स्थिरता का जल संग्रहण या कार्बन डाइऑक्साइड पकड़ने से संबंध नहीं है, जबकि स्रोत में छिद्रदार बनावट और पदार्थों को पकड़ने-संग्रहित करने की क्षमता बताई गई है।
- (D) उच्च विद्युत प्रतिरोध बिजली के प्रवाह से जुड़ा गुण है; यह उन बड़े आंतरिक खाली स्थानों की व्याख्या नहीं करता जिनसे गैसें और अन्य रसायन फ्रेमवर्क में फंस सकते हैं।
अवधारणा
यह प्रश्न पदार्थ-विज्ञान में छिद्रदार पदार्थों की संरचना-गुण संबंधी समझ जांचता है। RAS में ऐसे उदाहरण इसलिए बार-बार आते हैं क्योंकि नई सामग्री को जल, ऊर्जा, पर्यावरण और भंडारण जैसे उपयोगों से जोड़कर पूछा जाता है।
