RAS प्रश्न
भारत के डीप ओशन मिशन का लक्ष्य किस गहराई तक समुद्र का अन्वेषण करना है?
सही उत्तर: (B) 6,000 मीटर।
भारत का डीप ओशन मिशन मत्स्य 6000 के जरिए समुद्र में 6,000 मीटर तक मानवयुक्त अन्वेषण और अवलोकन को लक्षित करता है।
व्याख्या
डीप ओशन मिशन का लक्ष्य सामान्य तटीय या कम-गहरे सर्वेक्षण तक सीमित नहीं है; इसमें 6,000 मीटर तक गहरे समुद्री अन्वेषण और अवलोकन पर जोर है। PIB में पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की सूचना बताती है कि NIOT चेन्नई मत्स्य 6000 मानवयुक्त पनडुब्बी विकसित कर रहा है, जो 3 लोगों को वैज्ञानिक सेंसरों के साथ समुद्र में 6,000 मीटर की गहराई तक ले जाने के लिए बनाई जा रही है। इसलिए लक्षित गहराई 6,000 मीटर है। इस अभियान से भारत की गहरे समुद्र में मानवयुक्त वाहन बनाने की क्षमता बढ़ेगी और जैव विविधता, सर्वेक्षण तथा खनिज संसाधनों से जुड़े गहरे समुद्री अन्वेषण में मदद मिलेगी। इसका संबंध समुद्री जलवायु निगरानी से भी है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) 1,000 मीटर गहराई इस अभियान का लक्ष्य नहीं है। मत्स्य 6000 के लिए लक्षित गहराई 6,000 मीटर है।
- (C) 20,000 मीटर महासागर की अधिकतम गहराई से भी अधिक है, जबकि मिशन का लक्ष्य 6,000 मीटर है।
- (D) 100 मीटर उथले समुद्री जल की गहराई है, जबकि डीप ओशन मिशन गहरे समुद्र में 6,000 मीटर तक अन्वेषण के लिए बनाया गया है।
अवधारणा
यह प्रश्न विज्ञान और प्रौद्योगिकी में भारत के समुद्री अनुसंधान, गहरे समुद्र की तकनीक और संसाधन-अन्वेषण से जुड़ा है। RAS में ऐसे तथ्य बार-बार आते हैं क्योंकि वे सरकारी अभियानों, स्वदेशी तकनीक और पर्यावरणीय निगरानी को एक साथ जोड़ते हैं।
