RAS प्रश्न
लेख में बताए अनुसार, इन-स्पेस ने कितने छात्र उपग्रहों और पेलोड को मंजूरी दी है?
सही उत्तर: (A) 17।
इन-स्पेस ने 17 छात्र उपग्रहों और पेलोड को प्राधिकृत किया है, जिनमें से 11 पहले ही प्रक्षेपित हो चुके हैं।
व्याख्या
डीडी न्यूज के लेख में केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह के हवाले से बताया गया है कि ISRO छात्र भागीदारी को बढ़ाने के लिए ऐसे कार्यक्रम चला रहा है जिनमें विद्यार्थी उपग्रह डिजाइन कर सकते हैं, पेलोड विकसित कर सकते हैं और वास्तविक मिशन प्रयोगों से जुड़ सकते हैं। इसी संदर्भ में लेख का मुख्य आंकड़ा है कि भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष संवर्धन एवं प्राधिकरण केंद्र, यानी इन-स्पेस, अब तक 17 छात्र उपग्रहों और पेलोड को प्राधिकृत कर चुका है। इनमें से 11 का प्रक्षेपण पहले ही सफलतापूर्वक हो चुका है। इसलिए प्रश्न में पूछा गया प्राधिकृत संख्या वाला उत्तर 17 है, न कि प्रक्षेपित उपग्रहों की संख्या।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (B) 25 गलत है, क्योंकि लेख में प्राधिकृत छात्र उपग्रहों और पेलोड की संख्या 17 दी गई है, 25 नहीं।
- (C) 12 गलत है, क्योंकि लेख 17 प्राधिकरणों और उनमें से 11 प्रक्षेपणों की बात करता है; 12 कहीं समर्थित संख्या नहीं है।
- (D) 8 गलत है, क्योंकि इन-स्पेस द्वारा प्राधिकृत कुल छात्र उपग्रहों और पेलोड की संख्या लेख में इससे अधिक, 17 बताई गई है।
अवधारणा
यह प्रश्न अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी में संस्थागत भूमिका और छात्र भागीदारी से जुड़ा है। RAS में ऐसे तथ्य इसलिए बार-बार आते हैं क्योंकि विज्ञान-प्रौद्योगिकी के प्रश्न अक्सर ISRO, इन-स्पेस और सरकारी कार्यक्रमों के ठोस आंकड़ों पर आधारित होते हैं।
