RAS प्रश्न
नवंबर 2025 में शुरू की गई भारत की पहली स्वदेशी क्रिस्पर जीन थेरेपी बिरसा 101 किस रोग के लिए है?
सही उत्तर: (B) सिकल सेल रोग।
बिरसा 101 भारत की पहली स्वदेशी क्रिस्पर-आधारित जीन थेरेपी है, जिसे सिकल सेल रोग के उपचार के लिए शुरू किया गया।
व्याख्या
बिरसा 101 का लक्ष्य सिकल सेल रोग है। CSIR ने बिरसा 101 को भारत की पहली स्वदेशी क्रिस्पर-आधारित जीन थेरेपी बताया है, जिसे विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री जितेंद्र सिंह ने 19 नवंबर 2025 को शुरू किया। यह रोग देश की जनजातीय आबादी को विशेष रूप से प्रभावित करता है, इसलिए बिरसा मुंडा के नाम पर इस थेरेपी का नाम रखा गया। इसे CSIR-IGIB ने सीरम इंस्टीट्यूट के साथ विकसित किया है और इसकी अनुमानित लागत लगभग 50 लाख रुपये है, जबकि विदेशी उपचारों की लागत 20-25 करोड़ रुपये तक है। इसी कारण विकल्प B सही है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) बिरसा 101 का लक्ष्य रोग सिस्टिक फाइब्रोसिस नहीं, सिकल सेल रोग है।
- (C) हीमोफीलिया रक्त से जुड़ा रोग हो सकता है, पर बिरसा 101 हीमोफीलिया के लिए नहीं, सिकल सेल रोग के लिए है।
- (D) थैलेसीमिया आनुवंशिक रक्त-रोगों की श्रेणी से जुड़ा है, लेकिन बिरसा 101 का लक्ष्य थैलेसीमिया नहीं, सिकल सेल रोग है।
अवधारणा
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी में जीन थेरेपी और स्वदेशी जैव-प्रौद्योगिकी उपलब्धियों की समझ जरूरी है। RAS में ऐसे विषय इसलिए आते हैं क्योंकि स्वास्थ्य, जनजातीय आबादी और भारतीय अनुसंधान संस्थानों की उपलब्धियां नीति और समसामयिकी से सीधे जुड़ती हैं।
