केंद्रीय बजट 2026-27 में 1 अप्रैल 2026 से आयकर अधिनियम 2025 लागू होने की पुष्टि की गई। यह 63 वर्ष पुराने 1961 अधिनियम की जगह लेगा। नए अधिनियम को 21 अगस्त 2025 को राष्ट्रपति की मंजूरी मिली। प्रमुख बदलाव: प्रावधानों को 23 अध्यायों में 536 धाराओं और 16 अनुसूचियों में समेटा गया है (पहले 800+ धाराएँ और 47 अध्याय थे)। 'पूर्व वर्ष' और 'निर्धारण वर्ष' से जुड़ा भ्रम 'कर वर्ष' की अवधारणा से दूर किया गया है। हालांकि, दोनों कर व्यवस्थाओं में व्यक्तिगत आयकर स्लैब अपरिवर्तित हैं। नई कर व्यवस्था: 0-4 लाख (शून्य); 4-8 लाख (5%); 8-12 लाख (10%); 12-16 लाख (15%); 16-20 लाख (20%); 20-24 लाख (25%); 24 लाख से ऊपर (30%)। वेतनभोगियों के लिए 12.75 लाख तक आय प्रभावी रूप से कर-मुक्त है (75,000 मानक कटौती सहित)।