24 फरवरी 2026 को राजस्थान कैबिनेट की बैठक में औद्योगिक पार्क प्रोत्साहन नीति 2026 को औपचारिक मंजूरी दी गई। यह नीति राज्य में औद्योगिक निवेश और रोजगार सृजन को गति देने के उद्देश्य से लाई गई है। नीति में चार विकास मॉडल — निजी, हाइब्रिड, सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) और सरकारी — का प्रावधान किया गया है।
नई नीति के अंतर्गत पात्र निजी औद्योगिक पार्कों को 20% पूंजी सब्सिडी दी जाएगी, जिसकी अधिकतम सीमा ₹20 करोड़ से ₹40 करोड़ के बीच रखी गई है। इसके अलावा, सामान्य प्रदूषण उपचार संयंत्र (CETP) स्थापित करने वाले डेवलपर्स को पूंजीगत व्यय की 50% प्रतिपूर्ति दी जाएगी, जो अधिकतम ₹12.5 करोड़ तक सीमित होगी।
नीति की एक महत्वपूर्ण विशेषता राज निवेश पोर्टल से सिंगल-विंडो क्लियरेंस की व्यवस्था है। इससे अनुमोदन प्रक्रिया में देरी कम होगी और राजस्थान की ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रैंकिंग में सुधार आएगा।
निजी औद्योगिक पार्क की पात्रता के लिए न्यूनतम 50 एकड़ भूमि और कम से कम 10 औद्योगिक इकाइयों की आवश्यकता होगी। यह नीति राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट में की गई निवेश प्रतिबद्धताओं को धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। वस्त्र, कृषि-प्रसंस्करण, रसायन और हल्की इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्रों को इससे विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है।
