20 मार्च 2026 के आसपास राजस्थान कृषि विभाग ने IORA इकोलॉजिकल सोल्यूशंस के साथ राज्य के किसानों के लिए कार्बन क्रेडिट पायलट परियोजना शुरू करने के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किए। इस पहल का उद्देश्य कृषि भूमि प्रबंधन से जुड़ी कार्बन परियोजना तैयार करना है, जिससे किसान कवर क्रॉपिंग, न्यूनतम जुताई, कृषि वानिकी और कार्बनिक पदार्थ बढ़ाने जैसी टिकाऊ कृषि पद्धतियों के ज़रिए कार्बन संचित कर अतिरिक्त आय अर्जित कर सकें। इस पहल को राजस्थान कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने रेखांकित किया।

वर्तमान में स्वैच्छिक कार्बन बाजारों में कार्बन क्रेडिट की कीमत $32–38 प्रति टन है, जिससे किसान अतिरिक्त आय कमा सकते हैं। केंद्रीय बजट 2026 ने किसानों के लिए राष्ट्रीय कार्बन क्रेडिट कार्यक्रम के लिए ₹20,000 करोड़ आवंटित किए थे, और यह राजस्थान पायलट उस राष्ट्रीय ढांचे के अनुरूप है। राजस्थान में लगभग 75 लाख किसान परिवार हैं और मरुस्थलीकरण, भूमि क्षरण तथा अनियमित वर्षा की गंभीर चुनौतियों का सामना है। यह पहल पेरिस समझौते के तहत भारत की NDC प्रतिबद्धताओं के अनुरूप भी है।