केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 29 जनवरी 2026 को — केंद्रीय बजट से पहले — संसद में आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 प्रस्तुत किया। प्रथम अग्रिम अनुमान FY26 में वास्तविक GDP वृद्धि 7.4% और GVA वृद्धि 7.3% रखते हैं, जिससे भारत लगातार चौथे वर्ष सबसे तेज बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था के रूप में सामने आता है। FY26 में निजी अंतिम उपभोग व्यय 7.0% बढ़ा और GDP में इसकी हिस्सेदारी 61.5% रही — 2012 के बाद सर्वाधिक। सकल स्थिर पूंजी निर्माण 7.8% बढ़ा। अप्रैल-दिसंबर 2025 में औसत मुद्रास्फीति मात्र 1.7% रही और 16 जनवरी 2026 तक विदेशी मुद्रा भंडार USD 701.4 अरब हो गया। FY27 के लिए 6.8–7.2% वृद्धि का अनुमान लगाया गया है। भारत का वैश्विक नवाचार सूचकांक में स्थान 2019 के 66वें से सुधरकर 2025 में 38वाँ हो गया। PLI योजना ने ₹18.70 लाख करोड़ से अधिक उत्पादन और 12.60 लाख नौकरियाँ सृजित कीं। FY18 से FY26 के बीच पूंजी व्यय लगभग 4.2 गुना बढ़कर ₹11.21 लाख करोड़ हो गया।
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26: FY26 में भारत की वास्तविक GDP वृद्धि 7.4% अनुमानित, FY27 के लिए 6.8–7.2% का अनुमान
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 29 जनवरी 2026 को — केंद्रीय बजट से पहले — संसद में आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 प्रस्तुत किया। प्रथम अग्रिम अनुमान के अनुसार FY26 में वास्तविक GDP वृद्धि 7.4% और GVA वृद्धि 7.3% रही, जिससे भारत लगातार चौथे वर्ष सबसे तेजी से बढ़ने वाली प्रमुख अर्थव्यवस्था के रूप में सामने आया। FY26 में निजी अंतिम उपभोग व्यय 7.0% बढ़ा और GDP में इसकी हिस्सेदारी 61.5% रही — 2012 के बाद सर्वाधिक। सकल स्थिर पूंजी निर्माण 7.8% बढ़ा। अप्रैल-दिसंबर 2025 में औसत मुद्रास्फीति मात्र 1.7% रही और 16 जनवरी 2026 तक विदेशी मुद्रा भंडार USD 701.4 अरब हो गया। FY27 के लिए 6.8–7.2% वृद्धि का अनुमान लगाया गया है। भारत का वैश्विक नवाचार सूचकांक में स्थान 2019 के 66वें से सुधरकर 2025 में 38वाँ हो गया। PLI योजना ने ₹18.70 लाख करोड़ से अधिक उत्पादन और 12.60 लाख नौकरियाँ सृजित कीं। FY18 से FY26 के बीच पूंजी व्यय लगभग 4.2 गुना बढ़कर ₹11.21 लाख करोड़ हो गया।
मुख्य तथ्य
- आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 में FY26 के लिए वास्तविक GDP 7.4% और GVA 7.3% अनुमानित है।
- भारत लगातार चौथे वर्ष सबसे तेज बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था है।
- निजी अंतिम उपभोग GDP का 61.5% रहा — 2012 के बाद सर्वाधिक।
- 16 जनवरी 2026 तक विदेशी मुद्रा भंडार USD 701.4 अरब तक पहुँचा।
- PLI योजना ने ₹18.70 लाख करोड़ से अधिक उत्पादन और 12.60 लाख नौकरियाँ सृजित कीं।
- पूंजी व्यय FY18 में ₹2.63 लाख करोड़ से FY26 में ₹11.21 लाख करोड़ तक 4.2 गुना बढ़ा।
मेन्स दृष्टिकोण
प्रश्न: आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 में उल्लिखित प्रमुख समष्टि अनुमानों व विकास चालकों का आलोचनात्मक विश्लेषण करें तथा वैश्विक विपरीत परिस्थितियों के बीच भारत की लचीलापन क्षमता का मूल्यांकन करें।
उत्तर (50 शब्द):
29 जनवरी 2026 को प्रस्तुत आर्थिक सर्वेक्षण में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए वास्तविक जीडीपी वृद्धि 7.4% और वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 6.8–7.2% अनुमानित है। अप्रैल-दिसंबर 2025 में मुद्रास्फीति 1.7%, विदेशी मुद्रा भंडार 701.4 अरब डॉलर, पीएलआई उत्पादन 18.70 लाख करोड़ रुपये व 12.60 लाख रोजगार, पूंजीगत व्यय 11.21 लाख करोड़ रुपये रहा।
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आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार, वित्त वर्ष 26 के लिए भारत की अनुमानित वास्तविक जीडीपी वृद्धि कितनी है?
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 वित्त वर्ष 26 के लिए वास्तविक जीडीपी वृद्धि 7.4% और जीवीए वृद्धि 7.3% रखता है, जिससे भारत लगातार चौथे वर्ष सबसे तेज़ी से बढ़ने वाली प्रमुख अर्थव्यवस्था बना।
स्रोत: समाचार स्रोत
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
आर्थिक सर्वेक्षण कौन प्रस्तुत करता है और 2025-26 का सर्वेक्षण संसद में कब रखा गया?
आर्थिक सर्वेक्षण वित्त मंत्रालय के अंतर्गत मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) द्वारा तैयार किया जाता है और केंद्रीय बजट से एक दिन पहले वित्त मंत्री द्वारा संसद में प्रस्तुत किया जाता है। आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 29 जनवरी 2026 को संसद में रखा।
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार FY26 में भारत की वास्तविक GDP वृद्धि का अनुमान कितना है और FY27 के लिए क्या पूर्वानुमान है?
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार FY26 में भारत की वास्तविक GDP वृद्धि 7.4% और GVA वृद्धि 7.3% रहने का अनुमान है। FY27 के लिए 6.8–7.2% की वृद्धि का पूर्वानुमान है। इससे लगातार चौथे वर्ष भारत सबसे तेज बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बनी हुई है।
FY26 में GDP के 61.5% पर निजी अंतिम उपभोग व्यय (PFCE) का क्या महत्व है?
FY26 में PFCE का GDP में 61.5% हिस्सा 2012 के बाद सर्वाधिक है और इसमें 7.0% की वृद्धि हुई। यह दर्शाता है कि घरेलू उपभोक्ता माँग भारत की वृद्धि का एक मजबूत इंजन है — बढ़ती आय, उभरता मध्यम वर्ग और ग्रामीण खर्च में वृद्धि इसके प्रमुख कारण हैं।
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार PLI योजना के तहत क्या उपलब्धियाँ रहीं?
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के मुताबिक PLI योजना ने 14 प्रमुख क्षेत्रों में ₹18.70 लाख करोड़ से अधिक उत्पादन मूल्य और 12.60 लाख नौकरियाँ सृजित की हैं। मोबाइल विनिर्माण, फार्मास्यूटिकल्स, खाद्य प्रसंस्करण और सोलर PV मॉड्यूल इसके प्रमुख क्षेत्र हैं। यह 'मेक इन इंडिया' और आत्मनिर्भर भारत रणनीति की आधारशिला है।
FY18 और FY26 के बीच भारत का पूंजी व्यय कैसे बदला और यह क्यों महत्वपूर्ण है?
भारत का पूंजी व्यय FY18 में ₹2.63 लाख करोड़ से बढ़कर FY26 में ₹11.21 लाख करोड़ हो गया, यानी 4.2 गुना वृद्धि। बुनियादी ढाँचे (सड़क, रेलवे, बंदरगाह, डिजिटल ढाँचा) पर यह भारी निवेश निजी निवेश को प्रोत्साहित करता है, रोजगार पैदा करता है और दीर्घकालिक संभावित GDP वृद्धि को बढ़ावा देता है।
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