प्रकाशित: 23 फ़रवरी 2026समाचार स्रोतटॉपिक
सचिन तेंदुलकर UN के सड़क सुरक्षा वैश्विक चैंपियन नामित; भारत में 'Make A Safety Statement' अभियान शुरू
24 फरवरी 2026 को भारत के महान क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर को संयुक्त राष्ट्र द्वारा सड़क सुरक्षा के वैश्विक चैंपियन के रूप में नामित किया गया। नई दिल्ली में UN भारत कार्यालय में UN महासचिव के सड़क सुरक्षा विशेष दूत जीन टॉड ने वैश्विक 'Make A Safety Statement' सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान का भारतीय चरण शुरू किया।
अभियान में पांच प्रमुख सड़क सुरक्षा व्यवहारों पर जोर दिया गया है: सीट बेल्ट और हेलमेट पहनना, गति सीमा के भीतर वाहन चलाना, ड्राइविंग के दौरान मोबाइल फोन के उपयोग से बचना, शराब या थकान की स्थिति में वाहन न चलाना, और पैदल यात्रियों व साइकिल चालकों का सम्मान करना। 2022 में शुरू किया गया यह UN अभियान 2026 के अंत तक 80 देशों और 1,000 शहरों तक पहुंचेगा।
सड़क सुरक्षा भारत के लिए एक गंभीर मुद्दा है — दुनिया में सड़क दुर्घटनाओं से होने वाली मौतों में भारत की हिस्सेदारी लगभग 12% है। राजस्थान शीर्ष पांच राज्यों में है। UN सड़क सुरक्षा कोष से वित्तपोषित परियोजना केरल, तमिलनाडु और असम के साथ-साथ राजस्थान में भी लागू की जा रही है।
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प्रश्न: सचिन तेंदुलकर को संयुक्त राष्ट्र सड़क सुरक्षा वैश्विक चैंपियन नामित किए जाने और 'मेक ए सेफ्टी स्टेटमेंट' अभियान के शुभारंभ का भारत के सड़क सुरक्षा परिदृश्य के लिए महत्व चर्चा करें।
उत्तर (50 शब्द):
24 फरवरी 2026 को संयुक्त राष्ट्र ने सचिन तेंदुलकर को सड़क सुरक्षा वैश्विक चैंपियन नामित किया; जीन टोड ने 'मेक ए सेफ्टी स्टेटमेंट' अभियान शुरू किया, जो 2026 तक 80 देश एवं 1,000 शहरों को शामिल करेगा। वैश्विक सड़क दुर्घटना मौतों में भारत का हिस्सा 12% है; संयुक्त राष्ट्र सड़क सुरक्षा कोष राजस्थान में लागू है।
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
सड़क सुरक्षा पर UN का दशक (2021-2030) क्या है और इसके लक्ष्य क्या हैं?
सड़क सुरक्षा पर UN दशक (2021–2030) संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा अपनाया गया एक वैश्विक ढांचा है, जिसका लक्ष्य 2030 तक सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों और चोटों को 50% कम करना है। यह पहले दशक (2011–2020) के बाद शुरू हुआ और पांच स्तंभों पर केंद्रित है: सड़क सुरक्षा प्रबंधन, सुरक्षित सड़कें, सुरक्षित वाहन, सुरक्षित सड़क उपयोगकर्ता और दुर्घटना के बाद की प्रतिक्रिया। 'Make A Safety Statement' अभियान इसी ढांचे का हिस्सा है।
सचिन तेंदुलकर को UN का सड़क सुरक्षा वैश्विक चैंपियन क्यों नियुक्त किया गया?
सचिन तेंदुलकर को उनकी व्यापक पहुंच और विश्वसनीयता के कारण नियुक्त किया गया। UN सार्वजनिक स्वास्थ्य संदेशों को अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रसिद्ध हस्तियों को चैंपियन बनाता है। तेंदुलकर का बहुत बड़ा प्रशंसक आधार — खासकर युवाओं में — हेलमेट, सीटबेल्ट और नशे में गाड़ी न चलाने जैसे मुद्दों पर व्यवहार परिवर्तन को बढ़ावा देने में मदद करता है। उन्हें 24 फरवरी 2026 को UN विशेष दूत जीन टॉड ने नियुक्त किया।
भारत में सड़क सुरक्षा की स्थिति क्या है और राजस्थान का विशेष रूप से उल्लेख क्यों है?
भारत में प्रतिवर्ष लगभग 1.5 लाख मौतें सड़क दुर्घटनाओं में होती हैं — यह संख्या वैश्विक स्तर पर सर्वाधिक में से एक है। राजस्थान अपने विशाल राजमार्ग नेटवर्क (NH 48, NH 58, NH 62), उच्च वाहन घनत्व, ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों पर रोशनी की खराब व्यवस्था और हेलमेट-सीटबेल्ट अनुपालन में कमी के कारण लगातार सबसे अधिक दुर्घटना-प्रवण राज्यों में गिना जाता है। मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम 2019 इन समस्याओं को दूर करने के लिए लाया गया।
मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम 2019 क्या है और यह सड़क सुरक्षा से कैसे जुड़ा है?
मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम 2019 एक महत्वपूर्ण सुधार है, जिसके तहत यातायात उल्लंघनों पर जुर्माना काफी बढ़ाया गया — जैसे नशे में गाड़ी चलाने पर जुर्माना 2,000 रुपये से बढ़कर 10,000 रुपये हो गया। इसमें दुर्घटना पीड़ितों को मुआवजा, गुड सेमेरिटन सुरक्षा, बेहतर ड्राइविंग लाइसेंस मानक और वाहन फिटनेस के सख्त नियम भी शामिल किए गए। इसका उद्देश्य भारत की उच्च सड़क मृत्यु दर को कम करना है।
जीन टॉड कौन हैं और सड़क सुरक्षा के लिए UN विशेष दूत के रूप में उनकी क्या भूमिका है?
जीन टॉड फ्रांस के मोटर रेसिंग प्रशासक, FIA (अंतरराष्ट्रीय ऑटोमोबाइल महासंघ) के पूर्व अध्यक्ष और फेरारी के पूर्व टीम प्रिंसिपल हैं। उन्हें 2015 में सड़क सुरक्षा के लिए UN महासचिव का विशेष दूत नियुक्त किया गया। इस भूमिका में वे सरकारों, गैर-सरकारी संगठनों, ऑटोमोबाइल उद्योग और वैश्विक हस्तियों के साथ काम करते हैं — इसमें भारत में 'Make A Safety Statement' अभियान शुरू करना भी शामिल है।