27 फरवरी 2026 को सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) ने आधार वर्ष 2022-23 वाली वार्षिक और त्रैमासिक राष्ट्रीय लेखा अनुमानों की नई श्रृंखला जारी की, जो 2011-12 आधार वर्ष वाली पुरानी श्रृंखला की जगह लेती है। साथ ही उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) का आधार वर्ष 2024 और औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (IIP) का आधार वर्ष 2022-23 कर दिया गया।

2022-23 को आधार वर्ष के रूप में चुनने का कारण यह है कि यह कोविड के बाद पहला 'सामान्य' वर्ष है, जिसमें सभी क्षेत्रों के लिए मजबूत और व्यापक आंकड़े उपलब्ध हैं। प्रमुख पद्धतिगत सुधारों में शामिल हैं: (i) कई गतिविधियां करने वाले उद्यमों का पृथक्करण; (ii) विनिर्माण में डबल डिफ्लेशन; (iii) त्रैमासिक राष्ट्रीय लेखाओं में प्रोपोर्शनल डेंटन विधि; (iv) घरेलू सहायकों (रसोइया, ड्राइवर, सफाईकर्मी) को GDP अनुमान में शामिल करना; और (v) PFCE के लिए COICOP 2018 वर्गीकरण।

नई श्रृंखला के अंतर्गत FY 2025-26 में वास्तविक GDP वृद्धि 7.6% अनुमानित है (पुराने आधार वर्ष के प्रथम अग्रिम अनुमान 6.4% से ऊपर संशोधित)। FY 2023-24 और 2024-25 में क्रमशः 7.2% और 7.1% की वास्तविक GDP वृद्धि दर्ज की गई। दिसंबर 2026 तक बैक सीरीज जारी होने की उम्मीद है।