जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने 12-13 जनवरी 2026 को भारत का दौरा किया — मई 2025 में पदभार ग्रहण करने के बाद यह किसी एशियाई देश की उनकी पहली यात्रा थी। भारत-जर्मनी द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी की 25वीं वर्षगांठ पर हुई इस यात्रा में रक्षा, प्रौद्योगिकी, महत्त्वपूर्ण खनिजों, स्वच्छ ऊर्जा और श्रम गतिशीलता से जुड़े 19 MoUs और 8 प्रमुख घोषणाएँ हुईं। PM मोदी और चांसलर मर्ज ने अहमदाबाद में 23 प्रमुख जर्मन उद्योग नेताओं के साथ CEO फोरम की सह-अध्यक्षता की। रक्षा औद्योगिक सहयोग रोडमैप विकसित करने के लिए संयुक्त आशय घोषणा पर हस्ताक्षर हुए। दोनों देशों ने वैश्विक प्रौद्योगिकी के 'हथियारीकरण' को देखते हुए सेमीकंडक्टर, महत्त्वपूर्ण खनिजों और ग्रीन फ्यूल में सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई। द्विपक्षीय व्यापार 2024-25 में 50 अरब डॉलर के स्तर को पार कर गया। जर्मनी ने भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए जर्मन हवाई अड्डों पर वीजा-मुक्त ट्रांजिट की घोषणा की।