विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अधीन कोलकाता के एस.एन. बोस राष्ट्रीय मूल विज्ञान केंद्र के शोधकर्ताओं ने पैथजेनी एल्गोरिदम बनाया। यह नया ओपन-सोर्स कम्प्यूटेशनल सॉफ्टवेयर बिना कृत्रिम विकृति पैदा किए दवा-प्रोटीन के अलग होने की प्रक्रिया को मॉडल कर दवा खोज में तेजी ला सकता है।

पैथजेनी सूक्ष्म स्तर पर प्राकृतिक चयन की नकल करता है: यह बहुत छोटे और निष्पक्ष आणविक गतिकी वाले कई प्रक्षेपपथ शुरू करता है और केवल उन्हीं प्रक्षेपपथों को आगे बढ़ाता है जो लक्ष्य की ओर बढ़ते हैं। ओपन-सोर्स रूप में उपलब्ध यह सॉफ्टवेयर वैश्विक शोधकर्ताओं और दवा कंपनियों को शुरुआती चरण की दवा खोज में तेजी लाने में मदद कर सकता है।