मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना के पात्र परिवार अब राजस्थान से बाहर भी ₹25 लाख तक का इलाज बिना नकद भुगतान के करा सकते हैं। दूसरे राज्यों में इलाज की यह सुविधा 15 दिसंबर 2025 से लागू है। कर्नाटक और तमिलनाडु को छोड़कर देशभर के सूचीबद्ध अस्पतालों में इसका लाभ लिया जा सकता है। मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना और प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के पात्र लाभार्थियों को इलाज के लिए कोई अतिरिक्त खर्च नहीं देना पड़ता। पिछले 6 महीनों में राजस्थान के 30,000 से अधिक मरीज दूसरे राज्यों में इलाज करा चुके हैं। राज्य की योजना में 1.36 करोड़ पात्र परिवार शामिल हैं और उन्हें हर साल ₹25 लाख तक के इलाज की सुविधा मिलती है। इसके 2,179 उपचार पैकेजों में कैंसर, हृदय और किडनी रोग, अंग प्रत्यारोपण, डायलिसिस, सामान्य शल्य चिकित्सा और प्रसूति सेवाएं शामिल हैं। दूसरे राज्यों में इलाज की व्यवस्था शुरू होने के बाद 5,959 दावे पेश किए गए हैं, जिनकी कुल राशि ₹17 करोड़ से अधिक है। इनके तहत हृदय में स्टेंट लगाने, बायपास और कैंसर की शल्य चिकित्सा, कीमोथेरेपी तथा डायलिसिस जैसे इलाज हुए हैं। राजस्थान के सबसे अधिक मरीज गुजरात, हरियाणा, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और दिल्ली के अस्पतालों में गए। देशभर में प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना से जुड़े करीब 30,000 अस्पताल इस व्यवस्था में शामिल हैं। इनमें 16,000 से अधिक सरकारी और 14,000 से अधिक निजी अस्पताल हैं। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ के अनुसार, सरकार का उद्देश्य यह है कि जरूरत पड़ने पर हर पात्र नागरिक को राजस्थान से बाहर भी आर्थिक बोझ के बिना गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सके।
मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना के तहत राजस्थान के पात्र परिवारों को अब दूसरे राज्यों में भी ₹25 लाख तक इलाज
राजस्थान के पात्र परिवार कर्नाटक और तमिलनाडु को छोड़कर दूसरे राज्यों के सूचीबद्ध अस्पतालों में हर साल ₹25 लाख तक का इलाज बिना नकद भुगतान के करा सकते हैं। 6 महीनों में 30,000 से अधिक मरीजों ने इसका लाभ लिया।
मुख्य तथ्य
- दूसरे राज्यों में इलाज की सुविधा 15 दिसंबर 2025 से लागू है।
- पात्र परिवार राजस्थान से बाहर हर साल ₹25 लाख तक का इलाज बिना नकद भुगतान के करा सकते हैं।
- यह सुविधा अभी कर्नाटक और तमिलनाडु को छोड़कर पूरे देश में उपलब्ध है।
- 6 महीनों में 30,000 से अधिक मरीज लाभान्वित हुए और ₹17 करोड़ से अधिक राशि के 5,959 दावे पेश किए गए।
- इस व्यवस्था से करीब 30,000 अस्पताल जुड़े हैं, जिनमें 16,000 से अधिक सरकारी और 14,000 से अधिक निजी अस्पताल हैं।
6-अक्ष वर्गीकरण
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अभ्यास प्रश्न MCQ
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राजस्थान की दूसरे राज्यों में इलाज की सुविधा के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह 15 दिसंबर 2025 से लागू हुई। 2. यह अभी बिना किसी अपवाद के हर राज्य में उपलब्ध है। ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
कथन 1 सही है। यह सुविधा 15 दिसंबर 2025 से लागू हुई। कथन 2 गलत है, क्योंकि यह अभी कर्नाटक और तमिलनाडु में उपलब्ध नहीं है।
स्रोत: अमर उजाला
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
राजस्थान में दूसरे राज्यों में इलाज की सुविधा कब शुरू हुई?
यह सुविधा 15 दिसंबर 2025 से लागू हुई।
एक पात्र परिवार को हर साल कितनी राशि तक इलाज मिल सकता है?
एक पात्र परिवार हर साल ₹25 लाख तक का इलाज करा सकता है।
यह सुविधा अभी किन राज्यों में उपलब्ध नहीं है?
यह सुविधा अभी कर्नाटक और तमिलनाडु में उपलब्ध नहीं है।
राज्य की योजना में कितने उपचार पैकेज शामिल हैं?
योजना में 2,179 उपचार पैकेज शामिल हैं।
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