मार्च 2026 में पश्चिम एशिया की स्थिति के बीच सरकार ने बताया कि भारत की ऊर्जा आपूर्ति सुरक्षित है, हालांकि होर्मुज जलसंधि से आने वाले एलपीजी आयात प्रभावित हुए। PIB के अनुसार भारत अपनी एलपीजी खपत का लगभग 60% आयात करता है और इन आयातों में लगभग 90% होर्मुज जलसंधि से आते हैं।

8 मार्च 2026 को सरकार ने रिफाइनरियों और पेट्रोकेमिकल परिसरों को प्रोपेन, ब्यूटेन, प्रोपिलीन और ब्यूटीन धाराओं को एलपीजी पूल में मोड़कर उत्पादन बढ़ाने का आदेश दिया। इन उपायों से घरेलू एलपीजी उत्पादन लगभग 25% बढ़ा और घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता दी गई। रेस्तरां, होटल और अन्य वाणिज्यिक उपयोगकर्ताओं के आवंटन की समीक्षा के लिए आईओसीएल, एचपीसीएल और बीपीसीएल के कार्यकारी निदेशकों की तीन सदस्यीय समिति बनाई गई।