आर्थिक वृद्धि एवं सतत विकास
मुख्य तथ्य
- नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद के आधार पर भारत विश्व की पाँचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना, और बजट 2023-24 के बाद यह तथ्य परीक्षा का अहम समसामयिक मुद्दा रह...
- वित्त वर्ष 2024-25 के लिए वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद वृद्धि का 6.4% का आँकड़ा प्रथम अग्रिम अनुमान है, इसे अंतिम आँकड़ा नहीं बल्कि अग्रिम अनुमान ही मानन...
- विकसित भारत @ 2047 उच्च आय, सामाजिक क्षमता, ऊर्जा संक्रमण और राज्यों की भागीदारी को जोड़ता है।
- सतत विकास लक्ष्य (एसडीजी) — भारत एसडीजी सूचकांक 2023-24 वृद्धि को गरीबी, स्वास्थ्य, लिंग-समानता, जलवायु और संस्थाओं से जोड़ता है।
- पंचवर्षीय योजनाएं (1951-2017) और नीति आयोग योजना-आवंटन से सहकारी संघवाद की ओर बदलाव दिखाते हैं।
मुख्य बिंदु
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आर्थिक वृद्धि को वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद, नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद, सकल राष्ट्रीय आय, प्रति व्यक्ति आय, सकल स्थिर पूंजी निर्माण और उत्पादकता से मापा जाता है।
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नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद के आधार पर भारत विश्व की पाँचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना, और बजट 2023-24 के बाद यह तथ्य परीक्षा का अहम समसामयिक मुद्दा रहा।
- 3
वित्त वर्ष 2024-25 के लिए वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद वृद्धि का 6.4% का आँकड़ा प्रथम अग्रिम अनुमान है, इसे अंतिम आँकड़ा नहीं बल्कि अग्रिम अनुमान ही मानना चाहिए।
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विकसित भारत @ 2047 उच्च आय, सामाजिक क्षमता, ऊर्जा संक्रमण और राज्यों की भागीदारी को जोड़ता है।
- 5
सतत विकास लक्ष्य (एसडीजी) — भारत एसडीजी सूचकांक 2023-24 वृद्धि को गरीबी, स्वास्थ्य, लिंग-समानता, जलवायु और संस्थाओं से जोड़ता है।
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पंचवर्षीय योजनाएं (1951-2017) और नीति आयोग योजना-आवंटन से सहकारी संघवाद की ओर बदलाव दिखाते हैं।
- 7
मानव विकास सूचकांक 2023-24 (भारत), भारत में गिनी गुणांक (एचसीईएस 2023-24) और वैश्विक भूख सूचकांक 2024 (भारत) वृद्धि की गुणवत्ता जाँचते हैं।
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भारत का नेट जीरो 2070 संकल्प एवं पंचामृत सतत विकास को केवल पर्यावरण नहीं, विकास-रणनीति का विषय बनाते हैं।
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आर्थिक वृद्धि कैसे मापी जाती है और भारत की अर्थव्यवस्था की रैंक कैसे पढ़ें?
आर्थिक वृद्धि को सही ढंग से पढ़ने के लिए वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद, नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद, सकल राष्ट्रीय आय, शुद्ध राष्ट्रीय आय और प्रति व्यक्ति आय को अलग-अलग समझना पड़ता है, क्योंकि हर माप अलग सवाल का जवाब देता है।
वृद्धि मापन का आधार
आर्थिक वृद्धि समझने के लिए सबसे पहले उत्पादन के आँकड़े देखे जाते हैं। बजट 2023-24 के भाषण के अनुसार भारतीय अर्थव्यवस्था नौ वर्षों में 10वें से 5वें स्थान पर पहुँची और प्रति व्यक्ति आय दोगुनी से अधिक होकर 1.97 लाख रुपये हुई।
| माप | क्या बताता है | प्रीलिम्स सावधानी |
|---|---|---|
| वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद | कीमतों के बदलाव को हटाकर बताता है कि उत्पादन सच में बढ़ा या नहीं | उत्पादन में बढ़ोतरी मापने के लिए इस्तेमाल करें |
| नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद | उत्पादन और कीमत, दोनों को लेकर वैश्विक आकार की तुलना में काम आता है | वैश्विक आकार की तुलना में इस्तेमाल होता है |
| सकल राष्ट्रीय आय | विदेश से शुद्ध कारक आय जोड़ती या घटाती है | सकल घरेलू उत्पाद से अलग है |
| शुद्ध राष्ट्रीय आय और प्रति व्यक्ति आय | कल्याण-क्षमता समझाते हैं | केवल कुल आकार नहीं, कल्याण-क्षमता की तुलना में उपयोगी हैं |
| क्रय-शक्ति समता | घरेलू खरीद-क्षमता का मूल्य लगाकर एक अलग तस्वीर देती है | इससे तुलना नाममात्र डॉलर रैंक से अलग हो सकती है |
रैंक का आधार
- रैंक बताते समय आधार स्पष्ट होना चाहिए।
- भारत — सकल घरेलू उत्पाद के नाममात्र मूल्य पर विश्व की पाँचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था डॉलर-आधारित नाममात्र रैंक है।
- क्रय-शक्ति समता में भारत पहले से ऊपर रहा है।
- इसलिए “भारत पाँचवें स्थान पर है” जैसा वाक्य तभी पूरा माना जाएगा जब यह भी बताया जाए कि बात नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद की हो रही है या क्रय-शक्ति समता की।
- नाममात्र रैंक बाज़ार-विनिमय दर और डॉलर-मूल्य से बनती है; क्रय-शक्ति समता रैंक घरेलू खरीद-क्षमता को बेहतर पकड़ती है।
बजट और वर्तमान संदर्भ
| संदर्भ | तथ्य | अर्थ |
|---|---|---|
| बजट 2023-24 का भाषण | भारतीय अर्थव्यवस्था नौ वर्षों में 10वें से 5वें स्थान पर पहुँची और प्रति व्यक्ति आय दोगुनी से अधिक होकर 1.97 लाख रुपये हो गई | इसका अर्थ यह नहीं कि हर परिवार पाँचवें स्थान जितना समृद्ध है; अर्थ यह है कि बाजार-मूल्य पर कुल उत्पादन उस रैंक तक पहुँचा |
| आईएमएफ विश्व आर्थिक परिदृश्य, अप्रैल 2025 | 2025 के लिए भारत का नाममात्र सकल घरेलू उत्पाद लगभग 4.18 लाख करोड़ डॉलर रहने और जापान से थोड़ा आगे चौथे स्थान पर पहुँचने का अनुमान था | यह अनुमान था; परीक्षा में वर्ष, स्रोत और अनुमान का आधार स्पष्ट लिखना चाहिए |
राजस्थान संदर्भ
- राजस्थान की आर्थिक गतिविधियाँ भी भारत के कुल उत्पादन और इस रैंक में योगदान देती हैं।
- फलोदी जिले का भड़ला सौर पार्क 2,245 मेगावाट क्षमता के साथ उत्पादन, निवेश और स्वच्छ ऊर्जा क्षमता में योगदान देता है।
- इसलिए राष्ट्रीय रैंक का प्रश्न राजस्थान के सौर पार्क, सीमेंट पट्टी और सेवा गतिविधि से भी जुड़ता है।
- रैंक का उत्तर सिर्फ़ “भारत कौन-से स्थान पर है” नहीं है; अच्छा उत्तर यह भी दिखाता है कि राज्य, जिले, ऊर्जा, विनिर्माण और सेवा क्षेत्र उस कुल उत्पादन में कैसे हिस्सा जोड़ते हैं।
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1MCQभारत के 10वें से 5वें स्थान पर पहुँचने वाले कथन को कौन-सा मापन आधार सही बनाता है?
व्याख्या
विकल्प क सही है क्योंकि यह कथन नाममात्र बाजार-मूल्य पर अर्थव्यवस्था के कुल आकार से जुड़ा है। मानव विकास सूचकांक क्षमता मापता है, वैश्विक भूख सूचकांक पोषण तनाव देखता है और गिनी वितरण मापता है; ये 10वें से 5वें आकार-रैंक का आधार नहीं हैं।
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