RAS प्रश्न
18 फरवरी 2026 को हस्ताक्षरित FCI-WFP समझौता ज्ञापन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. FCI अधिकतम 25% टूटे दाने के साथ 2 लाख मीट्रिक टन चावल की आपूर्ति करेगा। 2. 31 मार्च 2026 तक कीमत ₹2,800 प्रति क्विंटल तय की गई है। 3. समझौता ज्ञापन तीन वर्ष की अवधि के लिए वैध है। 4. इस पर FCI के CMD रवींद्र कुमार अग्रवाल और WFP के उप कार्यकारी निदेशक कार्ल स्काऊ ने हस्ताक्षर किए। सही उत्तर चुनें:
सही उत्तर: (A) केवल 1, 2 और 4।
18 फरवरी 2026 के FCI-WFP समझौता ज्ञापन के तहत FCI को WFP के लिए 25% तक टूटे दाने वाला 2 लाख मीट्रिक टन चावल ₹2,800 प्रति क्विंटल की मौजूदा कीमत पर 31 मार्च 2026 तक देना है, इस पर रवींद्र कुमार अग्रवाल और कार्ल स्काऊ ने हस्ताक्षर किए, और इसकी वैधता 3 नहीं 5 वर्ष है।
व्याख्या
FCI और WFP ने 18 फरवरी 2026 को चावल आपूर्ति के लिए समझौता ज्ञापन किया। इसके तहत FCI को WFP को 200,000 मीट्रिक टन, यानी 2 लाख मीट्रिक टन, चावल देना है और टूटे दाने की सीमा 25% तक है। कीमत आपसी सहमति से सालाना तय होनी है; मौजूदा कीमत ₹2,800 प्रति क्विंटल है, जो 31 मार्च 2026 तक लागू है। हस्ताक्षरकर्ताओं में FCI के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक रवींद्र कुमार अग्रवाल और WFP के उप कार्यकारी निदेशक कार्ल स्काऊ शामिल हैं। इसलिए कथन 1, 2 और 4 सही हैं। कथन 3 गलत है, क्योंकि वैधता 3 नहीं, 5 वर्ष है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (B) B में कथन 3 शामिल है, जबकि समझौता हस्ताक्षर की तारीख से 3 वर्ष नहीं, 5 वर्ष के लिए वैध है।
- (C) C में कथन 1 छूट जाता है, जबकि FCI को 25% तक टूटे दाने वाला 2 लाख मीट्रिक टन चावल WFP को देना है।
- (D) D सभी कथनों को सही मानता है, लेकिन कथन 3 गलत है क्योंकि समझौते की वैधता 5 वर्ष है, 3 वर्ष नहीं।
अवधारणा
भारतीय अर्थव्यवस्था में खाद्य सुरक्षा, सरकारी खरीद-संबंधी संस्था और अंतरराष्ट्रीय मानवीय आपूर्ति से जुड़ी समसामयिकी महत्वपूर्ण है। RAS में ऐसे समझौते इसलिए बार-बार पूछे जाते हैं क्योंकि मात्रा, कीमत, अवधि और संस्था-भूमिका जैसे तथ्य कथन-आधारित प्रश्नों में सीधे फंसाए जाते हैं।
