RAS प्रश्न
सबका बीमा सबकी रक्षा अधिनियम 2025 के तहत IRDAI को कौन-सी नई शक्तियां प्रदान की गईं?
सही उत्तर: (C) नियामकीय उल्लंघन करने वालों से अवैध लाभ वापस वसूलने की शक्ति।
सबका बीमा सबकी रक्षा अधिनियम 2025 के तहत IRDAI को नियमों का उल्लंघन करने वाले बीमाकर्ता या बीमा मध्यस्थ से गलत कमाई या बचाए गए नुकसान के बराबर राशि वसूलने की डिसगॉर्जमेंट शक्ति मिली।
व्याख्या
IRDAI की नई प्रवर्तन शक्ति यहां मुख्य बिंदु है। सबका बीमा सबकी रक्षा अधिनियम 2025 में प्राधिकरण को बीमाकर्ता या बीमा मध्यस्थ को निर्देश जारी करने की शक्ति मिली है, जिनमें डिसगॉर्जमेंट के निर्देश भी शामिल हैं। अधिनियम, IRDAI अधिनियम 1999 या उनके नियमों-विनियमों का उल्लंघन होने पर उल्लंघन से हुई गलत कमाई या बचाए गए नुकसान के बराबर राशि वापस कराई जा सकती है। इसलिए उत्तर C सही है। यह केवल सामान्य जुर्माना नहीं, बल्कि उल्लंघन से बने आर्थिक लाभ को वापस लेने की शक्ति है। इसी वजह से यह सुधार बीमा निगरानी को IAIS मूल सिद्धांतों के करीब ले जाने वाला नियामकीय उन्नयन माना गया है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) IRDAI को निजी बीमा कंपनियों के राष्ट्रीयकरण की शक्ति नहीं दी गई; प्रावधान बीमाकर्ता या बीमा मध्यस्थ को नियामकीय निर्देश देने और गलत लाभ वापस कराने से जुड़ा है।
- (B) बेंचमार्क बीमा प्रीमियम तय करना सही विकल्प नहीं है, क्योंकि नई शक्ति उल्लंघन से हुई गलत कमाई या बचाए गए नुकसान की राशि वापस कराने से जुड़ी है, प्रीमियम निर्धारण से नहीं।
- (D) विदेशी बीमा एजेंटों को सीधे लाइसेंस देने की शक्ति इस प्रावधान में शामिल नहीं है; सही प्रावधान बीमाकर्ता या बीमा मध्यस्थ के नियामकीय उल्लंघन पर डिसगॉर्जमेंट निर्देश देने से संबंधित है।
अवधारणा
यह मुद्दा भारतीय अर्थव्यवस्था में वित्तीय क्षेत्र के नियमन, खासकर बीमा क्षेत्र की निगरानी, प्रवर्तन और उपभोक्ता संरक्षण से जुड़ा है। ऐसी शक्तियां RAS में बार-बार इसलिए पूछी जाती हैं क्योंकि वे नियामक संस्थाओं की वास्तविक भूमिका और सुधारों की दिशा समझाती हैं।
