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Aspirant Academy

RAS प्रश्न

जयपुर के नगर नियोजन के संदर्भ में 'चौहट्टे' शब्द का अर्थ है:

सही उत्तर: (B) चौराहे जहाँ चार सड़कें मिलती हैं।

जयपुर के नगर नियोजन में 'चौहट्टे' वे प्रमुख चौराहे हैं जहाँ चार सड़कें मिलती हैं।

  1. (A)

    महल के दरवाजे

  2. (B)

    चौराहे जहाँ चार सड़कें मिलती हैं

  3. (C)

    जलाशय

  4. (D)

    बाजार चौक

व्याख्या

जयपुर की सड़कों की जालीदार योजना में 'चौहट्टे' सड़क-व्यवस्था से जुड़े प्रमुख स्थान हैं, किसी इमारत या जल-ढाँचे से नहीं। 'चौहट्टा' का अर्थ चार रास्तों का मिलन-बिंदु, यानी चौराहा, होता है। इसी अर्थ से जयपुर का नियोजन जुड़ता है: विद्याधर भट्टाचार्य के बनाए हुए ग्रिड-प्लान में ऐसे प्रमुख चौराहे शहर को व्यवस्थित क्षेत्रों, यानी चौकड़ियों, में बाँटने में मदद करते थे। इसलिए चौहट्टे चार सड़कों के मिलने वाले चौराहे हैं। यह अर्थ वास्तु शास्त्र से प्रेरित नियोजन की संरचना को भी साफ करता है।

बाक़ी विकल्प गलत क्यों हैं

  • (A) महल के दरवाजे नगर-प्रवेश या राजकीय परिसर से जुड़े हो सकते हैं, पर 'चौहट्टे' सड़क-योजना में चार रास्तों के मिलने वाले चौराहे होते हैं।
  • (C) जलाशय पानी के भंडारण से जुड़े ढाँचे हैं, जबकि 'चौहट्टा' सड़क-संगम के अर्थ में आता है।
  • (D) बाजार चौक किसी व्यापारिक खुली जगह को कह सकता है, पर 'चौहट्टे' का सटीक अर्थ बाजार नहीं, चार सड़कों का मिलन-बिंदु है।

अवधारणा

राजस्थान के शहरी नियोजन और जयपुर की स्थापत्य-योजना में चौहट्टों की भूमिका महत्त्वपूर्ण है। RAS में यह विषय इसलिए बार-बार आता है क्योंकि जयपुर का नियोजन इतिहास, कला-संस्कृति और वास्तु शास्त्र के संगम को दिखाता है।

स्रोत

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