Aspirant Academy

RAS प्रश्न

नाराइणा में दादू दयाल जी के आश्रम में कौन-सा 'सम्मेलन' होता है:

सही उत्तर: (A) दादू पंथी अनुयायियों का वार्षिक धार्मिक सम्मेलन।

नाराइणा में दादू दयाल जी के आश्रम का फुलवारी या सम्मेलन दादू पंथी अनुयायियों का फाल्गुनी शुक्ल अष्टमी पर होने वाला वार्षिक धार्मिक आयोजन है।

  1. (A)

    दादू पंथी अनुयायियों का वार्षिक धार्मिक सम्मेलन

  2. (B)

    एक संगीत कार्यक्रम

  3. (C)

    एक कला प्रदर्शनी

  4. (D)

    एक व्यापार मेला

व्याख्या

नाराइणा का सम्मेलन साधारण सभा नहीं, दादू पंथ की धार्मिक परंपरा है। नाराइणा, जयपुर के निकट, दादू दयाल जी के आश्रम से जुड़ा स्थान है, जहां फाल्गुनी शुक्ल अष्टमी पर फुलवारी या सम्मेलन होता है। इसमें दादू पंथी अनुयायी और भक्तजन भजन गाने तथा दादू वाणी के प्रवचन सुनने के लिए एकत्र होते हैं। राजस्थान पर्यटन विभाग के Sambhar Lake Brochure में नाराइणा दादू पंथ के आचार्य की प्रमुख पीठ है और दादू अनुभव वाणी दादू की रचनाओं का संकलन है। इसलिए इसका स्वरूप धार्मिक-सांप्रदायिक है, न कि मनोरंजन, कला या व्यापार का आयोजन।

बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं

  • (B) भजन इस आयोजन का हिस्सा हैं, लेकिन सम्मेलन को संगीत कार्यक्रम कहना गलत है क्योंकि इसका केंद्र दादू पंथी भक्तों का धार्मिक एकत्रीकरण और दादू वाणी के प्रवचन हैं।
  • (C) कला प्रदर्शनी में कलाकृतियों का प्रदर्शन मुख्य होता है, जबकि नाराइणा का फुलवारी या सम्मेलन दादू पंथ की आस्था और वाणी-प्रवचन से जुड़ा आयोजन है।
  • (D) व्यापार मेले का उद्देश्य खरीद-बिक्री होता है, जबकि यहां दादू पंथी अनुयायी फाल्गुनी शुक्ल अष्टमी पर धार्मिक कारणों से इकट्ठा होते हैं।

अवधारणा

राजस्थान के संत-संप्रदायों और उनके तीर्थ-स्थलों की पहचान RAS के लिए महत्वपूर्ण है। दादू पंथ जैसे स्थानीय भक्ति संप्रदाय इतिहास, संस्कृति और लोक-आस्था को जोड़ते हैं।

स्रोत

संबंधित प्रश्न