RAS प्रश्न
भीमबेटका के शैलाश्रयों की खोज किसने की:
सही उत्तर: (C) वी.एस. वाकणकर।
भीमबेटका के शैलाश्रयों की खोज 1957 में वी.एस. वाकणकर ने की थी।
व्याख्या
भीमबेटका के लिए सही नाम वी.एस. वाकणकर है, क्योंकि UNESCO के नामांकन दस्तावेज में इस स्थल-समूह की खोज 1957 में वाकणकर द्वारा दर्ज है। भीमबेटका मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में स्थित शैलाश्रय-समूह है, जहां प्राकृतिक शैलाश्रयों में चित्र मिलते हैं। इन चित्रों का काल मध्यपाषाण से मध्यकालीन काल तक फैला माना जाता है, इसलिए यह केवल एक अलग-थलग गुफा-चित्र स्थल नहीं, बल्कि लंबे सांस्कृतिक क्रम का साक्ष्य है। इसी महत्त्व के कारण यह 2003 से UNESCO विश्व धरोहर स्थल है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) मॉर्टिमर व्हीलर का संबंध हड़प्पा और मोहनजोदड़ो की खुदाई से जोड़ा जाता है, भीमबेटका शैलाश्रयों की खोज से नहीं।
- (B) रॉबर्ट ब्रूस फुट ने भारत में पहला पुरापाषाण उपकरण पल्लवरम में खोजा था, इसलिए भीमबेटका के खोजकर्ता के रूप में उनका नाम सही नहीं है।
- (D) एच.डी. सांकलिया का काम दक्कन के प्रागैतिहासिक स्थलों से जुड़ा था, जबकि भीमबेटका की खोज वी.एस. वाकणकर से संबंधित है।
अवधारणा
प्रागैतिहासिक कला और शैलाश्रय जैसे विषयों में खोजकर्ता-स्थल संबंध महत्त्वपूर्ण होता है। RAS में ऐसे तथ्य बार-बार आते हैं क्योंकि प्राचीन भारतीय इतिहास में स्थल, काल और खोजकर्ता को साथ पढ़ना पड़ता है।
