RAS प्रश्न
जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 किससे संबंधित है?
सही उत्तर: (A) चुनावों का संचालन और चुनाव विवाद।
जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 संसद और राज्य विधानमंडलों के चुनावों के संचालन तथा उनसे जुड़े चुनाव विवादों से संबंधित है।
व्याख्या
जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 का मुख्य दायरा चुनाव प्रक्रिया को चलाने और उससे उठने वाले विवादों को निपटाने से जुड़ा है। India Code के अनुसार, यह अधिनियम संसद के सदनों और राज्यों के विधानमंडल के सदन या सदनों के चुनावों के संचालन के लिए बनाया गया कानून है। सदस्यता की योग्यता और अयोग्यता, चुनावों से जुड़े भ्रष्ट आचरण और अन्य अपराध, तथा चुनावों से पैदा होने वाले संदेहों और विवादों का निर्णय भी इसी दायरे में आता है। इसलिए विकल्प A सही है: यह केवल सामान्य चुनावी सूची या जनगणना का कानून नहीं, बल्कि चुनाव संचालन और चुनाव विवादों का प्रमुख कानून है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (B) निर्वाचन क्षेत्रों का परिसीमन परिसीमन आयोग अधिनियम से जुड़ा है, जबकि 1951 का अधिनियम चुनाव संचालन और विवादों पर केंद्रित है।
- (C) मतदाता सूचियों की तैयारी जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 के अंतर्गत आती है, इसलिए इसे 1951 के अधिनियम का मुख्य विषय मानना गलत होगा।
- (D) जनसंख्या की जनगणना जनगणना अधिनियम, 1948 के अधीन होती है; इसका 1951 के चुनाव संचालन और चुनाव विवाद वाले अधिनियम से सीधा संबंध नहीं है।
अवधारणा
चुनावी कानूनों में मूल अंतर यही है: 1950 का अधिनियम मतदाता सूची से और 1951 का अधिनियम चुनाव संचालन व विवादों से जुड़ता है। RAS में यह विषय बार-बार इसलिए आता है क्योंकि भारतीय शासन व्यवस्था में चुनाव आयोग, निर्वाचन प्रक्रिया और प्रतिनिधित्व संबंधी कानून बुनियादी विषय हैं।
