RAS प्रश्न
रणथम्भौर राष्ट्रीय उद्यान की स्थापना किस वर्ष हुई?
सही उत्तर: (D) 1980।
रणथम्भौर राष्ट्रीय उद्यान की स्थापना 1980 में हुई, जब पूर्ववर्ती सवाई माधोपुर वन्यजीव अभयारण्य के मुख्य क्षेत्र को राष्ट्रीय उद्यान के रूप में अधिसूचित किया गया।
व्याख्या
रणथम्भौर 1980 में राष्ट्रीय उद्यान बना; इससे पहले के संरक्षण संबंधी चरणों को उसके स्थापना वर्ष से नहीं मिलाना चाहिए। राजस्थान सरकार की रणथम्भौर टाइगर रिज़र्व संरक्षण योजना के अनुसार, पूर्ववर्ती सवाई माधोपुर वन्यजीव अभयारण्य के मुख्य क्षेत्र को 1980 में रणथम्भौर राष्ट्रीय उद्यान के रूप में अधिसूचित किया गया। 1955 में राजस्थान वन्य पशु एवं पक्षी संरक्षण अधिनियम, 1951 के तहत वन के एक हिस्से को आरक्षित क्षेत्र घोषित किया गया था। भारत सरकार ने 1973 में प्रोजेक्ट टाइगर शुरू किया और रणथम्भौर उन पहले 9 वन्यजीव क्षेत्रों में था जिन्हें इसके तहत टाइगर रिज़र्व के रूप में चुना गया। आरक्षित क्षेत्र या वन्यजीव अभयारण्य का दर्जा, प्रोजेक्ट टाइगर रिज़र्व का दर्जा और राष्ट्रीय उद्यान की अधिसूचना संरक्षित क्षेत्र के अलग-अलग चरण हैं। यह उद्यान बाघों और ऐतिहासिक रणथम्भौर किले के लिए भी जाना जाता है।
बाक़ी विकल्प गलत क्यों हैं
- (A) 1990 बहुत बाद का वर्ष है, क्योंकि राष्ट्रीय उद्यान की अधिसूचना 1980 में जारी हुई थी।
- (B) 1955 पहले के आरक्षित क्षेत्र के दर्जे से जुड़ा वर्ष है, न कि रणथम्भौर को राष्ट्रीय उद्यान के रूप में अधिसूचित किए जाने का वर्ष।
- (C) 1973 प्रोजेक्ट टाइगर से जुड़ा वर्ष है, जब रणथम्भौर को इसके लिए चुने गए पहले 9 वन्यजीव क्षेत्रों में शामिल किया गया था; यह राष्ट्रीय उद्यान की अधिसूचना का वर्ष नहीं है।
अवधारणा
संरक्षित क्षेत्रों के कालक्रम में आरक्षित क्षेत्र या वन्यजीव अभयारण्य का दर्जा, प्रोजेक्ट टाइगर में शामिल होना और राष्ट्रीय उद्यान की अधिसूचना अलग-अलग कानूनी या प्रशासनिक चरण हैं। RAS में अक्सर केवल स्थान का नाम नहीं, बल्कि उसका सही दर्जा और वर्ष पूछा जाता है।
