RAS प्रश्न
ब्रिटिश शासन के अधीन राजपूताना एजेंसी का प्रमुख अधिकारी क्या कहलाता था?
सही उत्तर: (B) गवर्नर जनरल का एजेंट (एजीजी)।
ब्रिटिश शासन के अधीन राजपूताना एजेंसी का प्रमुख अधिकारी गवर्नर-जनरल का एजेंट था।
व्याख्या
राजपूताना एजेंसी में शीर्ष पद गवर्नर-जनरल के एजेंट का था। वह ग्रीष्मकाल में माउंट आबू और शीतकाल में अजमेर में तैनात रहता था। राजपूताना भारतीय देशी राज्यों का ऐसा समूह था जो गवर्नर-जनरल के एजेंट के राजनीतिक प्रभार में था और जिसका निवास आबू में था। इसलिए सही पद किसी सामान्य प्रांतीय पद या पूरे ब्रिटिश भारत के सर्वोच्च पद से नहीं, बल्कि राजपूताना की रियासतों पर ब्रिटिश राजनीतिक नियंत्रण के विशेष पदनाम से जुड़ा था। एजीजी ब्रिटिश क्राउन और राजपूताना की रियासतों के बीच राजनीतिक संबंधों की देखरेख करता था, और उसके अधीन अलग-अलग रियासतों या समूहों के लिए राजनीतिक एजेंट नियुक्त होते थे।
बाक़ी विकल्प गलत क्यों हैं
- (A) वायसराय पूरे ब्रिटिश भारत का सर्वोच्च प्रतिनिधि था, जबकि राजपूताना एजेंसी का क्षेत्रीय प्रमुख पद गवर्नर-जनरल का एजेंट था।
- (C) राजपूताना एजेंसी का प्रमुख कमिश्नर नहीं, गवर्नर-जनरल का एजेंट कहलाता था।
- (D) राजपूताना कोई ब्रिटिश प्रांत नहीं था जिसके ऊपर गवर्नर नियुक्त हो; यह रियासतों का समूह था जो गवर्नर-जनरल के एजेंट के राजनीतिक प्रभार में था।
अवधारणा
ब्रिटिश काल में राजपूताना की रियासतों पर राजनीतिक नियंत्रण एजेंसी व्यवस्था के पदानुक्रम से चलता था। RAS में यह तथ्य इसलिए बार-बार आता है क्योंकि राजस्थान के आधुनिक प्रशासनिक इतिहास की जड़ें इन्हीं रियासती-औपनिवेशिक संबंधों से जुड़ती हैं।
