RAS प्रश्न
रणथम्भौर के चौहानों को अलाउद्दीन खिलजी ने 1301 में हराया। रणथम्भौर का अंतिम चौहान शासक कौन था?
सही उत्तर: (D) हम्मीरदेव।
हम्मीरदेव रणथम्भौर के अंतिम चौहान शासक थे, जिन्हें 1301 में अलाउद्दीन खिलजी की विजय के संदर्भ में याद किया जाता है।
व्याख्या
रणथम्भौर के चौहानों में हम्मीरदेव को अंतिम और सबसे प्रसिद्ध शासक बताया गया है। रणथम्भौर की चौहान वंशावली गोविंदराज से शुरू होकर वाग्भट, जैत्रसिंह और फिर हम्मीरदेव तक जाती है; इसलिए प्रश्न में पूछे गए अंतिम शासक का उत्तर हम्मीरदेव है। 1301 में अलाउद्दीन खिलजी ने रणथम्भौर पर विजय प्राप्त की। इस घेराबंदी में हम्मीरदेव ने वीरतापूर्वक लड़ाई लड़ी, पर उनके अपने सेनापतियों रतिपाल और रणमल के विश्वासघात ने स्थिति बदल दी। अंत में हम्मीरदेव लड़ते हुए मारे गए और दुर्ग में जौहर हुआ। यही कारण है कि रणथम्भौर के चौहान इतिहास में उनका नाम अंतिम शासक के रूप में निर्णायक है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) वाग्भट रणथम्भौर की चौहान वंशावली में हम्मीरदेव से पहले आते हैं, इसलिए वे अंतिम शासक नहीं थे।
- (B) पृथ्वीराज तृतीय अजमेर के चौहान थे; रणथम्भौर की अंतिम चौहान सत्ता हम्मीरदेव तक जाती है।
- (C) जैत्रसिंह वंशावली में हम्मीरदेव से पहले रखे गए हैं, इसलिए उन्हें अंतिम चौहान शासक नहीं माना जा सकता।
अवधारणा
यह प्रश्न मध्यकालीन राजस्थान में चौहान शाखाओं और दिल्ली सल्तनत के विस्तार से जुड़ा है। RAS में ऐसे प्रश्न बार-बार आते हैं क्योंकि किले, स्थानीय राजवंश और खिलजी-कालीन सैन्य अभियानों को तथ्य और क्रम दोनों के साथ पढ़ना पड़ता है।
