RAS प्रश्न
बृहदारण्यक उपनिषद में किस ऋषि की प्रसिद्ध शिक्षा है?
सही उत्तर: (A) याज्ञवल्क्य।
बृहदारण्यक उपनिषद में ऋषि याज्ञवल्क्य की प्रसिद्ध शिक्षा और दार्शनिक संवाद मिलते हैं।
व्याख्या
बृहदारण्यक उपनिषद शुक्ल यजुर्वेद से जुड़ा सबसे बड़ा उपनिषद है और इसमें ऋषि याज्ञवल्क्य के दार्शनिक संवाद प्रमुख रूप से आते हैं। याज्ञवल्क्य अपनी पत्नी मैत्रेयी और विदेह के राजा जनक के साथ गहन प्रश्नोत्तर करते हैं। ब्रिटानिका भी याज्ञवल्क्य को उन शुरुआती दार्शनिक और तात्त्विक ग्रंथों में प्रमुख ऋषि-शिक्षक बताती है जिन्हें उपनिषद कहा जाता है, विशेष रूप से बृहदारण्यक उपनिषद। इसी परंपरा में आत्मा और ब्रह्म की पहचान की शिक्षा आती है, जिसे 'अहं ब्रह्मास्मि' के रूप में जाना जाता है। इसलिए सही पहचान याज्ञवल्क्य है, किसी अन्य वैदिक ऋषि की सामान्य ख्याति नहीं।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (B) विश्वामित्र का संबंध गायत्री मंत्र से जोड़ा जाता है, जबकि बृहदारण्यक उपनिषद के प्रसिद्ध संवादों के ऋषि याज्ञवल्क्य हैं।
- (C) उद्दालक आरुणि छान्दोग्य उपनिषद से जुड़े हैं, इसलिए उन्हें बृहदारण्यक उपनिषद की इस प्रसिद्ध शिक्षा का केंद्र नहीं माना जाएगा।
- (D) वशिष्ठ इक्ष्वाकु वंश के कुलपुरोहित के रूप में जाने जाते हैं, जबकि यहां संकेत याज्ञवल्क्य के उपनिषदिक संवादों की ओर है।
अवधारणा
प्राचीन भारतीय इतिहास में वैदिक साहित्य और उपनिषदों की पहचान महत्त्वपूर्ण है। आरएएस में ऐसे तथ्य बार-बार आते हैं क्योंकि ऋषि, ग्रंथ और मुख्य दार्शनिक शिक्षा को अलग-अलग पहचानना जरूरी होता है।
